देहली में ‘सुंदरकांड’ के अवसर पर प्रवचन !
इस समय हिंदू जनजागृति समिति के राष्ट्रीय मार्गदर्शक सद्गुरु डॉ. चारुदत्त पिंगळेजी ने उपस्थित जिज्ञासुओं का सुंदरकांड के आध्यात्मिक व व्यावहारिक पक्ष पर अमूल्य मार्गदर्शन किया ।
इस समय हिंदू जनजागृति समिति के राष्ट्रीय मार्गदर्शक सद्गुरु डॉ. चारुदत्त पिंगळेजी ने उपस्थित जिज्ञासुओं का सुंदरकांड के आध्यात्मिक व व्यावहारिक पक्ष पर अमूल्य मार्गदर्शन किया ।
फरवरी में हिन्दू जनजागृति समिति के राष्ट्रीय मार्गदर्शक सद्गुरु डॉ. चारुदत्त पिंगळेजी ने हिन्दू राष्ट्र संपर्क अभियान अंतर्गत राजस्थान के अजमेर और कोटा शहर में दौरा किया । इस समय उनके मार्गदर्शन का आयोजन विभिन्न जगहों पर किया गया । उसका संक्षिप्त वृत्तांत…
‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ में ‘छत्रपति शिवाजी महाराजजी की दृष्टि एवं वर्तमान भारत’ विषय पर चर्चासत्र
‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ में सनातन के ग्रंथों का लोकार्पण !
हिन्दवी स्वराज की स्थापना के काल में छत्रपति शिवाजी महाराज के सैनिकों ने जिन शस्त्रों का उपयोग किया, उन शस्त्रों को छात्रों ने प्रत्यक्ष हाथ में लेकर महाराज के सैनिकों के शौर्य का अनुभव किया ।
भले ही हिन्दू राष्ट्र रहा नेपाल धर्मनिरपेक्ष हो गया हो, पर यदि सभी ठान लें, तो नेपाल सहित भारत भी हिन्दू राष्ट्र बनेगा ही, ऐसी हुंकार ‘सनातन राष्ट्र नेपाल’ संवाद में सहभागी नेपाल के हिन्दुत्वनिष्ठों ने भरी ।
सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव देहली २०२५ भारत मंडपम्, नई देहली – कोल्हापुर के सव्यसाचि गुरुकुलम् के छात्रों ने १४ दिसंबर को सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव में छत्रपति शिवाजी महाराज जी के काल के विभिन्न शस्त्रों के द्वारा युद्धकला का प्रदर्शन प्रस्तुत किया । इस युद्धकला ने उपस्थित सभी दर्शकों का मन जीत लिया । सभी … Read more
सत्र : छत्रपति शिवाजी महाराजजी की दृष्टि एवं वर्तमान भारत शिवछत्रपति के जयघोष से ‘भारत मंडपम्’ गूंज उठा भारत मंडपम्, देहली, १३ दिसंबर (वार्ता.) – आज यहां कवि भूषण की पंक्तियां मुझे अत्यंत सटीक लगती हैं कि ‘अगर शिवाजी न होते, तो सुन्नत होती सबकी ।’ आज हिन्दू समाज का जो अस्तित्व है, वह केवल … Read more
दिल्ली के ‘भारत मंडपम्’ में सनातन संस्था की ओर से १३-१४ दिसंबर को ‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ आयोजित किया गया है ।
वेद कुलपति श्री. जी.के. सीतारामन्जी ने सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव में पवित्र सोमनाथ शिवलिंग के दिव्य अंश लाने का आमंत्रण स्वीकार किया, जिससे श्रद्धालु इस पवित्र धरोहर के साक्षी बन पाएंगे ।