सनातन संस्था की ओर से संतों को ‘हिन्दू राष्ट्र रत्न’ तथा हिन्दुत्वनिष्ठों को ‘सनातन धर्मश्री’ पुरस्कार प्रदान !

सनातन संस्था की ओर से १७ से १९ मई २०२५ की अवधि में फोंडा, गोवा में संपन्न ‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ में हिन्दू धर्म एवं राष्ट्र रक्षा हेतु विशेष कार्य करनेवालों को ‘हिन्दू राष्ट्र रत्न’ तथा ‘सनातन धर्मश्री’ पुरस्कार प्रदान करने की घोषणा की गई थी ।

हिन्दू मंदिरों को उनका पूर्व वैभव दिलाने के लिए न्यायालयीन लडाई लडनेवाले सर्वोच्च न्यायालय के धर्माभिमानी अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन !

शरीर में प्राण रहने तक मैं धर्म के लिए संघर्ष करता रहूंगा । जिस प्रकार हमने श्रीराममंदिर के लिए अभियोग लडा, उसी प्रकार ज्ञानवापी के लिए एवं मथुरा के लिए अभियोग लड रहे हैं ।

हिन्दू धर्म की रक्षा हेतु तथा आक्रांताओं द्वारा गिराए गए हिन्दू मंदिरों को पुनः नियंत्रण में लेने हेतु न्यायालयीन लडाई लडनेवाले पू. अधिवक्ता हरि शंकर जैनजी (आयु ७० वर्ष) !

अयोध्या में प्रभु श्रीराम के भव्य मंदिर का निर्माण हुआ । पूरे देश में उसका आनंदोत्सव मनाया गया; परंतु उसके लिए अनेक लोगों को संघर्ष करना पडा । उसमें श्रीराम मंदिर की न्यायालयीन लडाई में विजय प्राप्त कराने में प्रखर धर्माभिमानी पू. अधिवक्ता हरि शंकर जैनजी का बडा योगदान है ।

सर्वोच्च न्यायालय के कट्टर हिन्दुत्वनिष्ठ पू. अधिवक्ता हरि शंकर जैनजी ‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ में आमंत्रित !

सनातन संस्था की रजत जयंती तथा सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. आठवलेजी की ८३ वीं जयंती के उपलक्ष्य में १७ से १९ मई की अवधि में गोवा में ‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ का आयोजन किया गया है ।

हिन्दू राष्ट्र हेतु ‘राष्ट्रभक्त अधिवक्ता समिति’ : हिन्दू कार्यकर्ताओं के लिए एक आधारस्तंभ !

प्रत्येक अधिवक्ता इस्लामी अतिक्रमण के विरुद्ध एक-एक कर लडने का निश्चय करे, तो भारत बहुत शीघ्र ही ‘इस्लामी अतिक्रमणमुक्त’ होगा, यह निश्चित है !

सर्वोच्च न्यायालय के कट्टर हिन्दुत्वनिष्ठ पू. (अधिवक्ता) हरि शंकर जैनजी ‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ में आमंत्रित !

सनातन संस्था की रजत जयंती तथा सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. आठवलेजी की ८३ वीं जयंती के उपलक्ष्य में १७ से १९ मई तक गोवा में ‘ सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव ‘ का आयोजन किया गया है ।

सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. आठवलेजी का पू. (अधिवक्ता) हरि शंकर जैनजी को अलिंगन देते हुए छायाचित्र देखकर भगवान श्रीराम एवं श्री हनुमान की भावभेंट का स्मरण होना

पू. हरि शंकर जैनजी के मन में परात्पर गुरु डॉक्टरजी के प्रति हनुमानजी की भांति उच्च कोटि का भक्तिभाव होना

Advocate Vishnu Shankar Jain : मंदिरों की पुनर्स्थापना ईश्वरीय कार्य है इसलिए प्रत्येक व्यक्ति इसमें सम्मिलित हो ! – अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन

वर्तमान समय में तलवार के बल पर नहीं, अपितु हमने लेखनी के बल पर यह युद्ध जीता, ऐसा हम बोल सकते हैं । मंदिरों की पुनर्स्थापना करना ईश्वरीय कार्य है तथा प्रत्येक व्यक्ति को उसमें सम्मिलित होना चाहिए, ऐसा आवाहन सर्वोच्च न्यायालय के अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने यहां किया ।

High Court On Sambhal Case : उच्च न्यायालय ने अब संभल की शाही मस्जिद को ‘विवादास्पद भवन’ कहा है !

इससे पहले भी उच्च न्यायालय ने जैन के अनुरोध के पश्चात लिखित आदेश में मस्जिद के स्थान पर ‘कथित मस्जिद’ शब्द का प्रयोग किया था ।

Court Notice On So Called Jama Masjid : संभल (उत्तर प्रदेश) की शाही जामा मस्जिद ‘कथित मस्जिद’।

हिन्दू पक्ष के अधिवक्ता पू. हरि शंकर जैन के आपत्ति के बाद इलाहाबाद उच्च न्यायालय के आदेश में उल्लेख ।