धर्मांतरण जिहाद !

हिन्दू धर्म को राजाश्रय देकर हिन्दुओं की सुरक्षितता और सर्वंकष कल्याण का संकल्प करनेवाले हिन्दू राष्ट्र की स्थापना ही एकमात्र विकल्प है !

बलात्कार पीडिता पर अन्याय करनेवाला गुवाहाटी उच्च न्यायालय का निर्णय !

सच में तो घृणास्पद अभियोगवाले अभियुक्त को प्रतिभू न मिले तथा उसे अधिक से अधिक कडा दंड मिले, इसके लिए शासन आगे आए और सर्वाेच्च न्यायालय में जाकर पीडिता के अधिकारों की रक्षा करे ।

तालिबान की सरकार और वैश्विक घटनाक्रम !

पाकिस्तान और चीन ने तालिबान को युद्ध हेतु सहायता की थी । इसीलिए तालिबान ने पाकिस्तान और चीन को शपथविधि समारोह का निमंत्रण भेजा । अर्थात तालिबान द्वारा उन्हें निमंत्रित करना स्वाभाविक ही था ।

हिन्दुओ, राष्ट्र एवं धर्म हानि रोकने हेतु जागृत हों !

गुण्डे, बलात्कारी, धर्मांध आदि से अपनी और बहू-बेटियों की, तथा राष्ट्र एवं धर्म की रक्षा करने हेतु ‘स्वरक्षा प्रशिक्षण’ सीखना आवश्यक है ।

सर्वाेत्तम शिक्षा क्या है ?

आधुनिक शिक्षा प्रत्यक्ष ज्ञान और परोक्ष ज्ञान पर ही आधारित होकर अपने ज्ञान को सीमित कर लेती है । अंतःकरण की वृत्तियां भी ज्ञान का प्रतिपादक होती हैं । ज्ञान, चार प्रकार का होता है – प्रत्यक्ष परोक्ष, अपरोक्ष और साक्षात अपरोक्ष ।

स्त्रियो, स्त्रीवाद की शेखी बघारने की तुलना में धर्मबंधनों का पालन कर आनंदी रहें !

हिन्दू नारियो, भारत पर धर्मप्रेमियों एवं राष्ट्रप्रेमियों का राज्य होने पर हमारा देवधर्म, संस्कृति, इतिहास, भाषा, अस्मिता, आबालवृद्ध और स्त्रियों का रक्षण एवं पालन होगा, यह परम सत्य समझ लें ।

छेडखानी के प्रसंग में बिना डरे नराधमों का प्रतिकार करें !

दुर्बल व्यक्ति की सर्वत्र निंदा की जाती है, इसे ध्यान में लेकर स्वयं के शरीर और मन को प्रतिकारक्षम बनाएं !

हिन्दुओ, ‘लव जिहाद’ का विरोध करने के साथ ही हिन्दू युवतियों का धर्मांधों के साथ विवाह करने पर प्रतिबंध लगानेवाला कानून बनाने की मांग करें !

इजरायल में ज्यू वंशियों की सत्ता प्रस्थापित होते ही ज्यू राज्यकर्ताओं ने वहां की युवतियों द्वारा धर्मांध अरबों के साथ विवाह करने पर प्रतिबंध लगानेवाला कानून बनाया था, यह ध्यान में रखिए !

महिलाएं धर्मपरंपराओं का कठोर पालन करें !

आज संस्कार एवं संस्कृति मृतप्राय: हो गई है । घर में सभी सुविधाएं होते हुए भी वहां संतुष्टि नहीं है । घर की स्त्री द्वारा धर्माचरण न करने से ऐसी घटनाएं हो रही हैं ।

हिन्दूद्वेषियों का वैचारिक उच्चाटन !

हिन्दूद्वेषियों द्वारा हिन्दुओं के विरोध में विषवमन करने के उपरांत हिन्दू-संगठन अधिक बलवान होने के लिए अब हिन्दुओं को अपना पद, पक्ष, संप्रदाय, संगठन आदि को एक ओर रखते हैं और हिन्दू-संगठन की व्याप्ति वृद्धिंगत करते हुए हिन्दू राष्ट्र की स्थापना के लिए कटिबद्ध होते हैं !