Pune Corporate Jihad : पुणे के हिंजवडी ‘आईटी पार्क’ में धर्मांतरण का जाल !

हिंजवडी, खराडी इव विमाननगर जैसे प्रमुख ‘आईटी पार्क’ में काम करनेवाले इंजीनियरों ने कंपनी प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं । इन कंपनियों में मुस्लिम कर्मचारी सार्वजनिक रूप से अपने धर्म का प्रचार-प्रसार कर रहे हैं ।

अक्षय तृतीया विशेष

इस दिन की जानेवाली कृतियों का क्षय न होकर वे बढती हैं; इसलिए इस दिन सोना, चांदी इत्यादि मूल्यवान वस्तुएं खरीदी जाती हैं, साथ ही इस दिन नया व्यवसाय आरंभ करना अथवा दान देना श्रेष्ठ माना जाता है ।

अक्षय तृतीया का त्योहार कैसे मनाया जाए ?

अक्षय तृतीया के दिन पवित्र जल में स्नान, भगवान श्रीविष्णु की पूजा, जप, होम, दान एवं पितृ-तर्पण किया जाता है । इस दिन ‘अपिंडक श्राद्ध’ करना चाहिए और यदि वह संभव न हो, तो कम से कम तिल-तर्पण अवश्य करना चाहिए ।

अक्षय तृतीया एवं खेती !

अक्षय तृतीया वर्षा ऋतु के कुछ दिन पूर्व आती है । महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र में गुढीपडवा के शुभमुहूर्त पर हल चलाई कृषिभूमि में जोताई पूर्ण करने की प्रथा है ।

अक्षय तृतीया के दिन पुण्य कैसे  प्राप्त किया जा सकता है ?

वैशाख शुक्ल तृतीया अर्थात अक्षय तृतीया ! हिन्दू धर्म में यह एक पवित्र एवं महत्त्वपूर्ण त्योहार माना जाता है । इस वर्ष १९ अप्रैल को अक्षय तृतीया है ।

अकोला में हनुमान जयंती के अवसर पर वानरसेना की महाप्रसाद की पंक्ति !

वानरों के लिए भी पृथक से महाप्रसाद परोसा गया । वानरों ने अत्यंत अनुशासित रीति से महाप्रसाद ग्रहण किया ।

हनुमानजी का पंचमहाभूतों से संबंधित कार्य तथा उनकी आध्यात्मिक विशेषताएं

हनुमानजी ११वें रुद्र हैं तथा वे शिवस्वरूप हैं । त्रेतायुग में प्रभु श्रीराम के अवतारी कार्य में सहभागी होकर श्रीराम की सहायता करने हेतु शिवजी ने हनुमानजी का अवतार धारण किया था ।

मैं उगादी (हिन्दुओं का नववर्ष) एवं शिवरात्रि के समय में मांसाहार करता हूं ! – Siddaramaiah

किसे क्या खाना चाहिए तथा क्या नहीं खाना चाहिए ?, यह प्रत्येक नागरिक का व्यक्तिगत अधिकार है; परंतु जानबूझकर हिन्दुओं के नववर्ष के दिन मांसाहार करने की बात करना हिन्दुओं को आहत करना है ।

ठाणे, गिरगांव एवं विलेपार्ले में निकाली गईं नववर्ष स्वागतयात्राआं में सनातन संस्था की ओर से प्रस्तुत की गई ‘रामराज्य’ की संकल्पना !

हिन्दू नववर्ष के उपलक्ष्य में पूरे राज्य में बडे हर्षाेल्लास के साथ स्वागतयात्राएं संपन्न हुईं । स्वागतयात्राओं में रामसेतू की संकल्पना साकार करते हुए हाथ में प्रतिकात्मक शीला लेकर सनातन संस्था के साधक सहभागी हुए ।

अपराधियों को पुलिस के गणवेश (वर्दी) का भय होना चाहिए ! – UP CM Yogi Adityanath

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ विधि एवं व्यवस्था की समीक्षा हेतु आयोजित बैठक में बोल रहे थे । इस ऑनलाइन बैठक में पुलिस महानिदेशक, पुलिस आयुक्त, जिलाधिकारी आदि सम्मिलित हुए थे ।