सार्वजनिक भूमि पर नमाज पढने का अधिकार नहीं ! – Allahabad High Court
सार्वजनिक भूमि का उपयोग किसी भी एक धर्म द्वारा धार्मिक कृत्यों के लिए नहीं किया जा सकता, ऐसा कहते हुए इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक भूमि पर नमाज पढने का कोई वैधानिक अधिकार नहीं है ।