पुणे के ‘विबग्योर स्कूल’ में ईसाई कर्मचारी द्वारा हिन्दू छात्रा के धर्मांतरण का प्रयास !
‘यीशु से प्रार्थना करने पर तुम्हारी समस्त समस्याएं दूर हो जाएंगी’, ऐसा कहकर सुकोमल आयु की हिन्दू छात्रा को भ्रमित करने का योजनाबद्ध प्रयास किया गया ।
‘यीशु से प्रार्थना करने पर तुम्हारी समस्त समस्याएं दूर हो जाएंगी’, ऐसा कहकर सुकोमल आयु की हिन्दू छात्रा को भ्रमित करने का योजनाबद्ध प्रयास किया गया ।
सर्वधर्मसमभाव के गीत गानेवाले ईसाईयों का हिन्दूद्वेष कितना तीव्र है, यही इससे ध्यान में आता है । इससे ईसाई संगठन, चर्च, वहां के पादरी एवं ईसाई धर्मप्रचारक हिन्दुओं के देवताओं के प्रति समाज में कितना द्वेष फैलाते होंगे, इसे हिन्दू ध्यान में लें ।
लखीमपुर खीरी जनपद (जिले) में निर्धन, अस्वस्थ (बीमार) एवं असहाय हिन्दुओं को चमत्कार का लोभ दिखाकर ईसाई बनाए जाने की बात उजागर हुई है ।
कैथोलिक चर्च के इतिहास के एक अंधकारमय अध्याय को स्वीकार करते हुए पोप लियो ने चर्च की दासता की विरासत के विषय में औपचारिक रूप से क्षमा याचना की है । उन्होंने इसे ‘ईसाई स्मृति में एक गहरा घाव’ संबोधित किया है ।
मस्तक पर तिलक लगाकर एवं स्वयं का सत्यनिष्ठ आर्य यह हिन्दू नाम बताकर मदर मेरी एवं पैगंबर के विषय में आपत्तिजनक टिप्पणी करनेवाले व्यक्ति की बांग्लादेशी घुसपैठिया होने की बात पुलिस जांच में स्पष्ट हुई ।
शहर के मोदीनगर क्षेत्र के संतपुरा गली नंबर – ६ में स्थित ‘सेंट टेरेसा अकैडमी’ स्कूल में पढाने वाली पीटी (फिजिकल ट्रेनिंग ‘पीटी’) शिक्षिका अरुणा गोस्वामी ने प्रधानाचार्या सिस्टर लूसी पर हिंदू बच्चों तथा कर्मचारियों को ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रताडित करने का आरोप लगाया है ।
रेटावंद ग्राम के भोले-भाले निर्धन हिन्दुओं का ईसाई मत में धर्मांतरण करने के कारण ग्रामीणों ने एक पादरी की जमकर पिटाई की । इस घटना का एक चलचित्र (वीडियो) सामने आया है जिसमें मारपीट के समय पादरी का वस्त्र फटा हुआ दिखाई दे रहा है ।
श्री महाविष्णु मंदिर के उत्सव में एक भजनी मंडल द्वारा ईसाई भक्तिगीत गाने से अब बडा विवाद उत्पन्न हो गया है । हिन्दू संगठनों एवं प्रमुख नेताओं ने इस घटना का तीव्र विरोध किया है ।
धर्मांतरण के संदेह में अपने ही बेटे, बहू को जूतों की माला पहनाकर गांव में घुमाने की घटना सामने आई है । इस घटना में पुलिस ने पिता तथा भाई सहित तीन लोगों को बंदी बनाया है ।
यह हिन्दुओं के धर्मांतरण का भयानक षड्यंत्र है ! ऐस लोगो के विरुद्ध तत्काल दांडिक अभियोग (फौजदारी मामले) पंजीकृत कर कठोर वैधानिक कार्रवाई होनी चाहिए, अन्यथा शासकीय संपत्ति भी सुरक्षित नहीं रहेगी, यही इससे स्पष्ट होता है ।