हिन्दुओ, रामराज्य की स्थापना के लिए अपनी क्षमता के अनुसार अधिक से अधिक योगदान दो !
आज से ही स्वयं में और समाज में परिवर्तन लाने का संकल्प करें । प्रभु श्रीराम के चरणों में प्रार्थना करें – ‘हमें इस रामराज्य-स्थापना के शिवधनुष को धारण करने की शक्ति प्रदान करें !’