महाराष्ट्र में संतों का बाल भी बांका नहीं होने देंगे ! – एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री
महाराष्ट्र संतों की भूमि है । महाराष्ट्र में हम संतों का बाल भी बांका नहीं होने देंगे, यह मेरा वचन है । धर्म की रक्षा करना हम सभी का दायित्व है ।
महाराष्ट्र संतों की भूमि है । महाराष्ट्र में हम संतों का बाल भी बांका नहीं होने देंगे, यह मेरा वचन है । धर्म की रक्षा करना हम सभी का दायित्व है ।
वर्तमान समय में तलवार के बल पर नहीं, अपितु हमने लेखनी के बल पर यह युद्ध जीता, ऐसा हम बोल सकते हैं । मंदिरों की पुनर्स्थापना करना ईश्वरीय कार्य है तथा प्रत्येक व्यक्ति को उसमें सम्मिलित होना चाहिए, ऐसा आवाहन सर्वोच्च न्यायालय के अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने यहां किया ।
शासन की प्रस्तावित ‘सर्टिफिकेट’ की यह योजना अच्छी है । परंतु, इस योजना को ‘मल्हार’ नाम न देकर, कोई और नाम दिया जाए ।
खडिया मिट्टी, चिकनी मिट्टी अथवा प्लास्टर ऑफ पैरिस की अपेक्षा फाइबर से बनाई जानेवाली मूर्तियां अधिक प्रदूषणकारी हैं । तो इस प्रदूषण के लिए कौन उत्तरदायी है ?
हिन्दू धर्म में गंगास्नान का अनन्यसाधारण महत्त्व है । ऐसा होते हुए भी राज ठाकरे के इस वक्तव्य ने करोडों हिन्दू धर्मियों की भावनाएं आहत हुई हैं !
यदि उद्योग और शिक्षा साथ-साथ काम करें तो हम आगे बढ़ सकते हैं। विज्ञापन उद्योग को बढ़ावा देता है। बुद्धि और संवेदनशीलता जितनी महत्वपूर्ण हैं, आध्यात्मिक पहलू भी उतना ही महत्वपूर्ण है।
प्रसिद्ध उद्योगपति रविंद्र प्रभुदेसाई ‘पितांबरी प्रॉडक्ट्स’ के प्रबंध निदेशक हैं । उन्होंने उद्योग समूह के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ‘पितांबरी’ के ३ राज्यों में उत्पादन केंद्र हैं और अमेरिका, कनाडा, ब्राजील, रूस और ऑस्ट्रेलिया सहित २६ देशों में इसके उत्पादों की बिक्री होती है ।
भारत को ‘बांग्लादेशी घुसपैठिए’ मुक्त करने की मांग को लेकर पुणे में निकाले गए भव्य मोर्चा में हिन्दू राष्ट्र समन्वय समिति ने व्यक्त किया निर्धार !
स्वारगेट बसस्थानक में दूसरे गांव को जानेवाली युवती को गाडी में बिठा कर देता हूं, ऐसा मीठा बोल कर पीछे खडी शिवशाही गाडी में बिठाया । वहां उस पर बलात्कार किया । यह घटना सुबह ५.३० को घटी ।
इस अवसर पर सनातन संस्था की ओर से औक्षण किया। इस दौरान हिंदुत्वनिष्ठ श्री. भूषण भोले तथा ‘सनातन प्रभात’ के पाठक, गोरक्षक, गौशाला संचालक एवं आसाराम बापू संप्रदाय के साधक श्री. हेमंत उपरे उपस्थित थे।