पाकिस्तान पृथ्वी पर नरक है ! – नेदरलैंडस के सांसद
जो बात यूरोपियन राजनीतिक नेता को समझ में आती है, वह ‘भारत-पाकिस्तान की एकता’ का सपना देखने वाले क्या नहीं जानते, यह भारत का दुर्भाग्य है !
जो बात यूरोपियन राजनीतिक नेता को समझ में आती है, वह ‘भारत-पाकिस्तान की एकता’ का सपना देखने वाले क्या नहीं जानते, यह भारत का दुर्भाग्य है !
प्रतिबंधित पी.एफ.आई. के जिहादी कार्यकर्ताओं की कार्यवाहियां आज भी चल रही हैं । इस कारण पी.एफ.आई. पर केवल प्रतिबंध लगाना उपयोगी न होकर उसकी जडों को खोदना आवश्यक है !
नूंह (हरियाणा) में हिंसा का प्रकरण
राज्य के ३ जिलों की ५० ग्राम पंचायतों द्वारा निकाला गया प्रवेश बंदी का आदेश बाद में पीछे भी लिया !
हमेशा ही अपना अलग अस्तित्व संजोने के लिए राष्ट्रविघातक कृत्य करनेवाले बहुतांश मुसलमान ! मुसलमानों की राष्ट्रनिष्ठा पर कोई शंका व्यक्त करता है तो निधर्मीवादी आगबबूला हो जाते हैं । अब उन्हें इस फतवे के विषय में क्या कहना है ?
रांची (झारखंड) में लव जिहाद का प्रकरण ! पीडिता का कहना है कि, मुंबई में आकर उसने मुझे मारा-पीटा । उसे मुझसे विवाह कर, मेरा धर्मांतर करना है । उसने मेरे परिवारवालों को जान से मारने की धमकी भी दी ।’
लव जिहाद द्वारा हिन्दू युवतियों का जीवन किस प्रकार बर्बाद किया जाता है, यह इससे दिखाई देता है !
१३ अगस्त को होनेवाले हिन्दू संगठनों की महापंचायत में इस विषय में अंतिम निर्णय लेना अपेक्षित है । समाचार है कि १३ अगस्त के इस महा पंचायत को प्रशासन द्वारा अनुमति नहीं दी गई है ।
देश में हिन्दू-मुसलमान विवाद उबल रहा है । इसके लिए मुसलमान उत्तरदायी होते हैं; क्योंकि अब तक की प्रत्येक घटना से प्रमाणित हुआ है कि सर्वप्रथम वे ही हिन्दुओं पर आक्रमण करते हैं । तब भी कथित धर्म-निरपेक्षतावादी एवं मानवतावादी चीखते हैं, ‘देश के अल्पसंख्यक असुरक्षित हैं !’
देशभर में फैले एवं हिन्दुओं को समाप्त करनेवाले लव जिहाद पर परिणामकारक रोक लगाने के लिए २० वर्ष के दंड की अपेक्षा फांसी पर लटकाने का दंड ही आवश्यक है, ऐसा ही हिन्दुओं को लगता है !
आजाद मैदान में दंगा करने वाले ११ वर्षों के उपरांत भी खुले घूम रहे हैं, यह पुलिस, प्रशासन और सभी राजनीतिक पार्टियों के लिए लज्जास्पद !