Europe Heatwave : यूरोप के २३ देशों में रिकॉर्ड तोड गर्मी की लहर – ११लाख करोड रुपये की हानि ।

अगले वर्ष यूरोप की ३४ प्रतिशत आबादी जल संकट से जूझ सकती है ।

Germany Grooming Gangs : जर्मनी में भी यूके जैसी ‘ग्रूमिंग गैंग’!

जर्मनी के न्यूर्नबर्ग में महिलाओं एवं युवतियों का यौन शोषण करने तथा उन्हें मादक पदार्थों के जाल में फंसाने के आरोप में जर्मन पुलिस ने २ पाकिस्तानी नागरिकों को बंदी बनाया है ।

FATF Vice Presidency : विवेक अगरवाल ‘एफ्.ए.टी.एफ्.’ के उपाध्यक्ष चुने गए ।

भारत को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बडी सफलता मिली है । भारत के वरिष्ठ ‘आई.ए.एस्.’ अधिकारी विवेक अगरवाल को ‘एफ्.ए.टी.एफ्.’, इस विश्वस्तर की संस्था का उपाध्यक्ष चुना गया है ।

France Supports India : संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत को स्थाई सदस्यता मिले – फ्रांस

संयुक्त राष्ट्र महासभा को भेजे पत्र में फ्रांस ने सुरक्षा परिषद में व्यापक सुधार लाने हेतु भारत को पुनः यह समर्थन दिया ।

Grooming Gangs : सांसद ने ब्रिटिश संसद में उपस्थित किया ‘ग्रूमिंग टोली’ का सूत्र

ब्रिटिश संसद में अभी कुछ दिन पूर्व ही में ‘ग्रूमिंग टोली’ के विषय में पुनः एक बार चर्चा प्रारम्भ हुई है । ग्रेट यारमाउथ के सांसद रूपर्ट लोव ने संसद में अनेक पीड़ित महिलाओं एवं लडकियों के साक्ष्य पढकर सुनाए ।

UK Indian Mayors : ब्रिटेन में हरियाणा के परिवार की मां एवं बेटा एक साथ बने मेयर

बेटे तुषार एल्स्ट्री को ‘बोरहैमवुड टाउन काउंसिल’ का सबसे युवा मेयर चुना गया, जबकि उनकी मां परवीन रानी दहिया ‘हर्ट्समेयर बरो काउंसिल’ की पहली भारतीय मूल की मेयर बनी हैं ।

जिन्हें भारत की वास्तविक जानकारी नहीं होती, वही ऐसे प्रश्न पूछते हैं ! – भारत का करारा उत्तर

ऐसे प्रश्न विदेशी पत्रकार कभी डोनाल्ड ट्रम्प के अमेरिका या शी जिनपिंग के चीन से पूछने का साहस क्यों नहीं करते ? उस समय उन्हें किस बात का भय होता है ?

Hantavirus : हंता वायरस के संक्रमण से विश्वभर में चिंता ।

कोरोना महामारी के बाद अब विश्वभर में हंता वायरस को लेकर चिंता बढने लगी है । यह वायरस चूहों से मनुष्यों में फैलता है । अब तक विश्वभर में इसके ८ संदिग्ध रोगी पाए गए हैं, जिनमें से ५ लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है । इनमें ३ रोगियों की मृत्यु हो चुकी है ।

WW1 Indian Soldiers : प्रथम विश्व युद्ध में प्राण न्योछावर वाले ३३ हजार भारतीय सैनिकों को ‘हुतात्मा’ की श्रेणी भी नहीं दी गई !

ब्रिटेन ने १०० वर्ष पुरानी ऐतिहासिक त्रूटिको सुधारते हुए प्रथम विश्व युद्ध में उसके पक्ष में लड़ने वाले ३३ सहस्त्र भारतीय सैनिकों के बलिदान का सम्मान किया है ।