दांतों में झनझनाहट पर घरेलु उपचार

‘ठंडा अथवा मीठा खाने पर दांत झुणझुणाने की पीडा यदि बारंबार होती है, तो प्रतिदिन सवेरे चाय का एक चम्मच तिल का तेल मुंह में रखें एवं सामान्यतः ५ से १० मिनट के उपरांत थूंक दें । इससे दांत झुणझुणाना अल्प होने में सहायता होती है ।’

अमेरिका में पीडित व्यक्ति को १५४ करोड रुपए हानि भरपाई देने का न्यायालय का आदेश

जॉनसन एंड जॉनसन पावडर के कारण कर्करोग होने का पता चला !

कोलेस्ट्रॉल (रक्त का एक घटक) न्यून करने की औषधियों से होनेवाले गंभीर त्वचारोग !

इन रसायनिक औषधियों के कारण न जाने कितने लोग अनेक रोगों से ग्रस्त होते हैं, स्थितियां बिगड़ती रहती हैं, नई नई औषधियां बढ़ती जाती हैं; पर किसी का ध्यान इस ओर नहीं जाता कि कहीं यह समस्या किसी औषधि के कारण तो नहीं है ।

हलाल अर्थव्यवस्था के विरुद्ध कडे संघर्ष की आवश्यकता ! – मोहन गौडा, प्रवक्ता, हिन्दू जनजागृति समिति, कर्नाटक

भारत में संविधान के द्वारा सभी को स्वतंत्रता प्रदान किया गया है; परंतु तब भी हिन्दुओं पर की जा रही हलाल की अनिवार्यता के विरुद्ध, साथ ही हलाल के नाम पर चलाई जा रही समानांतर अर्थव्यवस्था के विरुद्ध आवाज उठाना आवश्यक है

पैकेट बंद अन्न, अन्न है ही नहीं …!

जिसका विज्ञापन करना पडे, वह अन्न है ही नहीं । क्या रोटी, चावल, दाल, देसी घी, भाजी-तरकारी आदि का विज्ञापन करना पडता है ? प्रकृति से प्राप्त व सहस्रों वर्षाें से मनुष्य जो ग्रहण करते हैं, वही है खरा अन्न

केंद्र सरकार द्वारा ३ प्रकार के ऑनलाईन खेल पर प्रतिबंध 

भारत में सट्टा पर आधारित, खेलनेवाले को हानिकारक एवं व्यसनाधीन बनानेवाले ३ प्रकार के ऑनलाईन खेल को अनुमति नहीं दी जाएगी ।

स्वीडन में आगामी ८ जून से आयोजित की जाएगी प्रथम शारीरिक संबंधों की प्रतियोगिता !

पाश्‍चात्त्य देशों में नैतिकता का अधःपतन बहुत पहले ही हो चुका है । इसलिए अब ध्यान में आता है कि उसने सीमा पार कर ली है !

अश्वगंधा औषधि वनस्पति द्वारा कोरोनावायरस नष्ट होता है !

बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों का सफल परीक्षण ! अश्वगंधा के मॉलिक्यूल के कारण ८७% से अधिक कोरोना विषाणु नष्ट करने में सहायता होना, ऐसा संशोधन से ध्यान में आया ।

हिन्दू रोगियों की श्रद्धा समझ पाने हेतु अमेरिका में डॉक्टरों को करना पडेगा ‘क्रैश कोर्स’ !

अमेरिका के इतिहास में पहली बार ही हिन्दू रोगी चिकित्सालय के पलंग पर प्रार्थना कर पाएंगे । अपने इष्ट देवता की मूर्ति रख पाएंगे । अमेरिका में पहली बार ही ऐसी अनुमति दी गई है ।

छोटी आयु से स्मार्टफोन का प्रयोग करने से मानसिक रोगों का प्रमाण अधिक ! – शोध

यद्यपि इस शोध में भारत से केवल ४ सहस्त्र बच्चे सम्मिलित हैं, तब भी यह प्रमाण चिंता का विषय है । भारत में १० से १४ आयु के पूरे ८३ प्रतिशत बच्चों के हाथ में स्मार्टफोन है । अंतरराष्ट्रीय प्रमाण की अपेक्षा यह संख्या ७६ प्रतिशत से अधिक है ।