सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. जयंत आठवलेजी के ओजस्वी विचार
भारत के सात्त्विक लोगों के अनुचित दृष्टिकोण के कारण ही रज तम-प्रधान विदेशी भारत पर सैकडों वर्ष राज्य कर पाए !
भारत के सात्त्विक लोगों के अनुचित दृष्टिकोण के कारण ही रज तम-प्रधान विदेशी भारत पर सैकडों वर्ष राज्य कर पाए !
जोधपुर, राजस्थान की सनातन की ६३वीं संत पू. (श्रीमती) सुशीला मोदीजी का ७५वां जन्मदिन !
जो बात विश्व को कई वर्षों से पता है, वह अब बता रहा है पाकिस्तान का आयोग ! पिछले कई वर्षों में इसमें बदलाव नहीं हुआ है तथा आगे भी नहीं होगा, यह भी उतना ही सत्य है !
जून २०२५ में महाराष्ट्र के चंद्रपुर, भंडारा, नांदेड तथा यवतमाल — ये ४ जिले नक्सलवाद से मुक्त घोषित किए गए हैं । परंतु गोंदिया तथा गढचिरौली जिलों में अभी भी नक्सलवाद विद्यमान है ।
सनातन संस्था की श्रीचित्शक्ति (श्रीमती) अंजली मुकुल गाडगीळजी के करकमलों से हुआ उद्घाटन !
श्री. प्रमोद मुतालिक ने आश्रम देखकर आनंद व्यक्त किया, साथ ही उन्होंने सनातन संस्था के संस्थापक सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. जयंत आठवलेजी ने पहले इस आश्रम के जिस कक्ष में निवास किया था, उस कक्ष का भावपूर्ण दर्शन कर वहां बैठकर नामजप किया ।
‘वरमहालक्ष्मी व्रत’ के उपलक्ष्य में प्रातःकाल श्रीचित्शक्ति (श्रीमती) अंजली गाडगीळजी अग्निहोत्र करते आहुति दी, उस समय उन्हें अग्नि की ज्वालाओं का आकार कमलपुष्प जैसा दिखाई दिया ।
‘हम यदि डूबने लगे, तो अन्यों को भी डुबा सकते हैं’, पाकिस्तान का यह दावा कितना हास्यजनक है, अब इसे प्रत्यक्ष दिखाने का समय आ चुका है !
‘मडिकेरी, कर्नाटक के प्रखर हिन्दुत्वनिष्ठ अधिवक्ता कृष्णमूर्ति पी. (आयु ४७ वर्ष) देवीभक्त हैं तथा पिछले १४ वर्षाें से साधना कर रहे हैं । वे वर्ष २०२१ से २ वर्ष विश्व हिन्दू परिषद के कोडगु जिला अध्यक्ष के रूप में कार्यरत थे, तदुपरांत दायित्व से मुक्त हुए ।