मुसलमान महापंचायत को अनुमति दी, तो धार्मिक सौहार्द बिगड सकता है ! – देहली उच्च न्यायालय
देहली उच्च न्यायालय ने देहली के रामलीला मैदान में ‘मुसलमान महापंचायत’का आयोजन करने की अनुमति अस्वीकार की !
देहली उच्च न्यायालय ने देहली के रामलीला मैदान में ‘मुसलमान महापंचायत’का आयोजन करने की अनुमति अस्वीकार की !
किसी हिन्दू से मस्जिद की नींव रखवाना क्या अन्य मुसलमान संगठनों को मान्य है ?
धर्मनिरपेक्ष भारत में इसके अतिरिक्त और क्या उम्मीद की जा सकती है ? भारत में भ्रष्ट, जनताद्रोही, कामचोर प्रशासनिक अधिकारी-कर्मचारियों को क्षमा मांगने की आवश्यकता नहीं दिखाई देती ; लेकिन आध्यात्मिक परम्पराओं का पालन करनेवालों के साथ ऐसा होता है यह लज्जास्पद !
भारत को अस्थिर करने का प्रयत्न करनेवाले कैनडा के विरोध में ऐसे कदम उठाना आवश्यक ही था । अब भारत सरकार को ऐसे ही कठोर भूमिका अपनाते हुए कैनडा के साथ व्यापारी स्तर के संबंध तोडकर उसे उसकी जगह दिखा देनी चाहिए !
मदरसों से और क्या सिखाया जाता है, इसे अलग से बताने की आवश्यकता नहीं है ! सरकार को अब देश के मदरसों पर ही प्रतिबंध लगा देना चाहिए, यही इससे स्पष्ट होता है । भारत में यदि इजराइल जैसी व्यवस्था होती, तो यह कब का हो चुका होता !
मजबूत भारत ऐसी कार्यवाही करे, इससे पहले ब्रिटेन, अमेरिका एवं ऑस्ट्रेलिया बुद्धिमानी दिखाए तथा समय रहते ही उनके देश में रह रहे खालिस्तानियों पर कठोर कार्यवाही करें !
सरकारी तंत्र को शाब्दिकरूप में फटकारने का कोई उपयोग नहीं; कारण उनकी चमडी गेंडे समान मोटी हो गई है ! इसलिए ऐसों को कठोर दंड देना ही आवश्यक है !
अनेक राज्यों में गोहत्या बंदी होते हुए भी कोई भी राजनीतिक दल गोतस्करी करनेवालों पर कार्यवाही हो; इसके लिए न्यायालय नहीं जाता, इसे ध्यान में लें !
रिक ओस्टरलोह कहते हैं कि भारत में बनाया गया पहला ‘पिक्सेल ८’ र्स्माटफोन वर्ष २०२४ में बाजार में आएगा । इसके लिए गूगल भारत में उसका हार्डवेयर बनाने के लिए भागीदारों की सहायता लेनेवाला है ।