पासपोर्ट (Passport) से नागरिकता सिद्ध नहीं होती : Central Goverment

पासपोर्ट भले ही केवल भारतीय नागरिकों को ही दिया जाता है, तब भी पासपोर्ट होने से किसी व्यक्ति की नागरिकता सिद्ध नहीं होती, ऐसा केंद्रीय विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया है ।

Drug Combinations Ban : केंद्र सरकार द्वारा १६ प्रकार की मिश्रित औषधियों पर प्रतिबंध ।

केंद्र सरकार ने १६ प्रकार की ‘फिक्स्ड-डोज कॉम्बिनेशन’ (मिश्रित औषधियों) के उत्पादन, बिक्री और वितरण पर तत्काल प्रभाव से पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है ।

फुटपाथ पर चलना लोगों का मौलिक अधिकार है ! – सर्वोच्च न्यायालय

‘फुटपाथ चलने के लिए होते हैं’, यह बात देश की सरकारी संस्थाएं, अर्थात् नगरपालिकाएं, महानगरपालिकाएं आदि मानो भूल चुकी हैं ; तथा जनता को ऐसा लगने लगा है कि ‘फुटपाथ केवल फेरीवालों के लिए होते हैं’!

41 Years Delayed Murder Case : ४१ वर्षाें से लंबित अपील के विषय में सर्वोच्च न्यायालय ने अप्रसन्नता व्यक्त की ।

विलंब से मिलनेवाले न्याय को अन्याय ही कहना पडेगा ।

सर्वोच्च न्यायालय में ५ नए न्यायाधीश, अब एक पद रिक्त !

आगामी १५ दिनों में २ न्यायाधीश सेवानिवृत्त होने के कारण संख्या ३५ हो जाएगी !

उच्च न्यायालयों को तीन मास से अधिक समय तक निर्णय प्रलंबित नहीं रखना चाहिए ! – सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश

केंद्र सरकार ने राज्यसभा में बताया था कि देशभर के न्यायलयों में कुल ५,४९,००,००० से अधिक प्रकरण लंबित हैं । इसमें देश के पच्चीस उच्च न्यायालयों में ६३,३३,४०६ प्रकरण लंबित हैं ।

Illegal Infiltration Committee : घुसपैठ जैसी चुनौतियों का सामना करने के लिए केंद्र सरकार द्वारा समिति की स्थापना l

सरकार का कथन है कि घुसपैठ के कारण देश के अनेक भागों में जनसंख्या की संरचना परिवर्तित हो रही है तथा यह सुरक्षा के लिए एक बडी चुनौती है ।

इस्लाम में ब्याज लेना ‘हराम’ होते हुए भी ३ सहस्र करोड हडपनेवाली नौहेरा शेख को बंदी बनाया गया ।

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) एवं हरियाणा पुलिस ने एक संयुक्त अभियान चलाकर ‘हीरा ग्रुप ऑफ कंपनीज’ की संस्थापक नौहेरा शेख को यहां से कुछ ही दिन पूर्व बंदी बनाया ।

जब दोनों माता-पिता भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी हों, तो उनके बच्चों को आरक्षण क्यों दिया जाए ? – Supreme Court

यदि माता-पिता दोनों भारतीय प्रशासनिक सेवा (आई.ए.एस. – इंडियन एडमिनिस्ट्रेटिव सर्विस) के अधिकारी हों, तो उनके बच्चों को आरक्षण क्यों मिलना चाहिए ? ऐसा प्रश्न सर्वोच्च न्यायालय ने उपस्थित किया ।

Bhojshala Case : (और इनकी सुनिये ) ‘तथ्य सही प्रकार से प्रस्तुत नहीं किए गए ।’– मुसलमान पक्ष

भोजशाला के प्रकरण में मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय द्वारा दिए गए निर्णय के विरोध में मुसलमान पक्ष ने सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती दी है ।