अहिल्यानगर के कनीफनाथ मंदिर की ४० एकड़ भूमि पर वक्फ बोर्ड का दावा!
कैसे कट्टरपंथी एवं वक्फ बोर्ड हिन्दू मंदिरों की भूमि निगल रहे हैं ? यही इससे दिख रहा है । हिन्दुओं को एकजुट होकर सरकार से वक्फ बोर्ड पर कार्यवाही करवाने का प्रयास करना होगा !
कैसे कट्टरपंथी एवं वक्फ बोर्ड हिन्दू मंदिरों की भूमि निगल रहे हैं ? यही इससे दिख रहा है । हिन्दुओं को एकजुट होकर सरकार से वक्फ बोर्ड पर कार्यवाही करवाने का प्रयास करना होगा !
जिन कट्टरपंथियों को कानून का कोई डर नहीं है, वे हिन्दुओं पर आक्रमण करने के बहाने ढूंढते हैं। हिंदुओं का एक भी त्योहार कट्टरपंथियों द्वारा आक्रमण किए बिना नहीं जाता, ऐसा लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से निश्चित होता है ।
भारत में संविधान ने प्रत्येक को व्यक्तिगत स्वतंत्रता दी है । भारत धर्मनिरपेक्ष है, यह बात बार-बार कहीं जाती है । फिर भी, भारत में बहुसंख्यक १०० करोड़ हिन्दुओं को इस्लामी संकल्पना ‘हलाल’ स्वीकारने के लिए बाध्य करना, संविधान विरोधी और हिन्दुओं के मौलिक अधिकारों को नकारना है ।
जयशंकर ने आगे कहा कि मणिपुर की समस्या पुरानी और जटिल हैं । इसपर राजनीति कर भारत की छवि विश्व के सामने मलिन करना अनुचित है ।
आक्रमणों के उपरांत कार्रवाई करने के संबंध में विचार करने की जगह ऐसा वातावरण निर्माण चाहिए कि अब कोई भी भारत पर आक्रमण करने का साहस ही न करे !
महाराष्ट्र राज्य मार्ग परिवहन महामंडल ने सितंबर २०२४ के लिए सुविधा निधि स्वीकृत करने हेतु राज्य शासन से विनती की थी । इसके लिए महामंडल के उपाध्यक्ष और प्रबंध संचालक ने राज्य शासन को पत्र लिखा था ।
इस चित्रपट में शाहरूख खान प्रशिक्षक था तथा उसका नाम कबीर खान था; परन्तु प्रत्यक्ष में इस चित्रपट की कथा एक हिन्दू प्रशिक्षक पर आधारित थी, जिसका नाम मीर रंजन नेगी है । ऐसी जानकारी चित्रपट अभिनेता अन्नू कपूर ने ‘ए.एन्.आय.’ नामक एक समाचार संगठन को दिए हुए एक साक्षात्कार में दी ।
नक्सलवाद पूरी तरह नष्ट हो जाए तो जनता पर से नक्सलवादियों का नियंत्रण हट जाएगा, पुलिस और सरकार को इसके उत्थान के लिए प्रयास करना चाहिए !
एक साक्षात्कार में जानकारी देते हुए अभिनेत्री चाहत खन्ना ने कहा, ‘मुझे इस्लाम स्वीकार कराने हेतु मेरा बुद्धिभेद किया गया था । अब सनातन धर्म में घरवापसी करने पर मुझे बहुत आनंद हो रहा है । मुझे कहा गया था कि हिन्दू धर्म का प्रत्येक पहलू अनुचित है ।’
जिमखाना द्वारा बताया गया कि जेमिमा के पिता ने क्लब में उनके सदस्यता का उपयोग धार्मिक गतिविधियों के लिए किया, जिसके कारण यह निर्णय लिया गया।