भारत हिन्दू बहुल देश होकर भी धर्मनिरपेक्ष । कोई इस्लामी देश धर्मनिरपेक्ष हो, तो बताईए – राजा भैय्या, विधायक, उत्तरप्रदेश

विधायक रघुराज प्रताप सिंह उपाख्य राजा भैय्या

प्रतापगढ (उत्तरप्रदेश) – भारत एक धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र है, क्योंकि वह हिन्दूबहुल एवं सनातन बहुल है । विश्व का कोई भी मुसलमान बहुल देश धर्मनिरपेक्ष (सेक्यूलर) नहीं है । ऐसा यदि कोई देश हो, तो बताईए । हर मुसलमान बहुल देश में शरिया कानून लागू है । जब तक भारत हिन्दू बहुल है, तब तक ही हमारा संविधान टिका रहेगा तथा तब तक ही हम धर्मनिरपेक्ष हैं, ऐसा प्रतिपादन जनसत्ता दल लोकतांत्रिक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष विधायक रघुराज प्रताप सिंह उपाख्य राजा भैय्या ने एक भेंटवार्ता में किया ।

देश के विभाजन के समय हिन्दुओं ने पाकिस्तान जा रहे मुसलमानों को रोका ।

राजा भैय्या ने कहा कि हमारे देश का विभाजन धर्म के आधार पर हुआ है, इसे हमें भूलना नहीं चाहिए । मुस्लिम लीग ने ‘इस्लामी राष्ट्र’ की मांग की थी तथा इसप्रकार भारत के टुकडे हुए । उसके उपरांत वर्ष १९७१ में पूर्वी पाकिस्तान बांग्लादेश बन गया । ये सभी घटनाएं धर्म के आधार पर हुई थीं । विभाजन के समय जो मुसलमान पाकिस्तान जा रहे थे, उन्हें रोकने का काम हिन्दुओं ने किया था । (अब धर्मांध मुसलमानों को पाकिस्तान भेजने की स्थिति आ गई है – संपादक)

सनातन हिन्दू धर्म अनादि है ।

राजा भैय्या ने कहा कि इस धरती पर जितने धर्म एवं पंथ हैं, उन सभी के आरंभ की एक विशिष्ट तिथि है । ईसाई पंथ का आरंभ एक विशिष्ट तिथि को हुआ था, वैसे ही सिक्ख पंथ का आरंभ भी एक विशिष्ट तिथि को हुआ था, परंतु सनातन हिन्दू धर्म अनादि एवं अनंत है । सबसे महत्त्वपूर्ण बात यह है कि अन्य पंथों के संस्थापक कोई व्यक्ति अथवा महापुरुष थे, परंतु हिन्दू धर्म की उत्पत्ति किसी महापुरुष के द्वारा नहीं हुई है, अपितु वह शाश्वत है । इसीलिए ही उसे ‘सनातन’ कहा गया है । अतः सनातन धर्म के सामने सभी को झुकना पडेगा ।

हिन्दू धर्म में निहित त्रुटियां दूर हो रही हैं ।

राजा भैय्या ने कहा कि मेरी कार्यशैली में तथा हमारे हिन्दू धर्म में जो कुछ त्रुटियां (उदा. जातिवाद इ.) आई हैं, उन्हें दूर करने का मेरा सदैव प्रयास रहता है तथा ये त्रुटियां दूर भी हो रही हैं । हिन्दू अब जग रहा है । अब हिन्दुओं में अपने देश एवं धर्म के प्रति जागरूकता आ रही है ।