बांग्लादेश में दो जातीय समूहों में हिंसा : ८ लोगों की मृत्यु एवं अनेक घायल

पुलिस ने बताया कि हिंसा के उपरांत अनुमानत: २०० लोगों ने अपने घर छोड कर रोवांगछरी की सैनिक छावनी में आश्रय लिया ।

असम में प्रतिबंधित संगठन ‘पी.एफ.आई.’ के ३ सदस्यों को बंदी बनाया गया  !

इससे स्पष्ट होता है कि ‘पी.एफ.आई’ पर केवल प्रतिबंध लगाना पर्याप्त नहीं, अपितु उसे जड से उखाडने हेतु सुरक्षातंत्र जागरूक होकर प्रयास करे ।

कश्मीर में ७० करोड रुपये के मादक पदार्थ जब्त

कश्मीर पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी करनेवाले २ लोगों को बंदी बनाकर उनसे ७० करोड रुपये मूल्य की ११ किलोग्राम हेरोइन और ११ लाख ८२  सहस्र नकद जब्त की है ।

जम्मू-कश्मीर में आतंकियों की संख्या अल्प हुई ! – पुलिस महासंचालक

यदि ऐसा कहें, कि कश्मीर में आतंकियों की संख्या अल्प हुई है, तब भी कश्मीर में हिन्दू असुरक्षित ही हैं । भारत के किसी भी राज्य के हिन्दू वहां जा कर बस नहीं सकते, ऐसी स्थिति है !

बंगाल से ८१ सहस्त्र  डेटोनेटर (विस्फोटक) और २७ सहस्त्र किलो अमोनियम नाइट्रेट की तस्करी करने वाले २ जिहादी बंदी !

बंगाल जिहादी गतिविधियों का केंद्र बन गया है और इस प्रकार भारत की सुरक्षा धोखे  में  है । इसे ध्यान में रखते हुए वहां राष्ट्रपति शासन लागू किया जाना चाहिए !

उर्दू विद्यालय के मुसलमान प्रधानाध्यापिका ने हिन्दू शिक्षिका पर छात्रों की झूठी उपस्थिति दिखाने का दबाव डाला !

कर्नाटक की भाजपा सरकार को उर्दू विद्यालयों में होने वालेऐसे भ्रष्टाचार का पता लगाना चाहिए और संबंधितों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए!

भारत में हिन्दुओं के त्यौहार पुलिस सुरक्षा में क्यों मनाने पडते हैं ? – ‘वॉइस ऑफ बांग्लादेशी हिन्दूज’ का प्रश्न

भारत में श्रीरामनवमी की शोभायात्राओं पर धर्मांध मुसलमानों द्वारा हुए आक्रमणों के उपरांत हनुमान जयंती की शोभायात्राओं को सुरक्षा दी गई थी । इस पृष्ठभूमि पर यह ट्वीट किया गया है ।

प्रखर हिन्दुत्वनिष्ठ विधायक टी. राजा सिंह को बंदी बनाया एवं छोडा !

हिन्दुओं की धार्मिक फेरियां यदि मस्जिद मार्ग से जाएं, तो कट्टरपंथी मुसलमानों द्वारा आक्रमण किया जाता है, कट्टरपंथियों को पुलिस ने सावधानी के रूप में बंदी बनाया, क्या कभी ऐसा सुना है ? यदि पुलिस इतनी तत्पर होती, तो हिन्दुओं की फेरियों पर एक भी आक्रमण न हुआ होता

हल्द्वानी (उत्तराखंड) ८०० मुसलमानों के विरोध में अपराध प्रविष्ट

हल्द्वानी स्थित एक अवैध इमारत में सामूहिक नमाज पढने पर हिन्दू संगठनों के नेताओं ने आपत्ति जताई । इस समय लगभग ७०० से ८०० मुसलमानों ने कोतवाली में राष्ट्रीय राजमार्ग बंद कर प्रदर्शन किए । इस समय पुलिस पर भी आक्रमण किए गए ।

देशभर में हनुमान जयंती उत्साह से मनाई गई !

केवल हिन्दुओं की धार्मिक शोभायात्राएं हिंसा की छाया में निकालनी पड़ती हैं, यह स्थिति हिन्दूराष्ट्र को अपरिहार्य करती है !