Hindustan Unilever Compensation : ‘हिन्दुस्तान युनिलिवर लिमिटेड’ प्रतिष्ठान को ग्राहक को क्षतिपूर्ति के रूप में ५० सहस्र रुपए देने का आदेश ।

९० ग्राम के ‘सर्फ एक्सल’ के पैकेट में केवल ७० ग्राम पाऊडर ।

देहरादून (उत्तराखंड) – ‘उत्तराखंड राज्य ग्राहक विवाद निवारण आयोग’ ने ‘हिन्दुस्तान युनिलिवर लिमिटेड’, इस प्रतिष्ठान को पैकेट पर ९० ग्राम वजन छापकर वास्तव में ७० ग्राम ‘डिटर्जेंट पाऊडर’ बेचने के प्रकरण में दोषी मानकर ग्राहक को ५० सहस्र रुपए की क्षतिपूर्ति देने का आदेश दिया ।

सितंबर २०२० में नैनीताल जिले के रामनगर के निवासी ज्ञानचंद्र गर्ग ने ५१२ रुपए को ‘सर्फ एक्सेल इडब्ल्यू’ डिटर्जेंट पाऊडर का एक बक्सा खरीदा था । उन्होंने जब उसके अंदर के पैकेटों का वजन किया, तब पैकेट पर तो वजन ९० ग्राम लिखा था, परंतु वास्तव में उसमें ७० ग्राम डिटर्जेंट मिला । इस धोखाधडी के विरुद्ध उन्होंने पहले इस प्रतिष्ठान को कानूनी नोटिस भेजा तथा उसके पश्चात ‘नैनीताल जिला ग्राहक मंच’ से शिकायत कर १ लाख रुपए क्षतिपूर्ति की मांग की । जिला ग्राहक मंच की सुनवाई के समय प्रतिष्ठान के अधिवक्ताओं की उपस्थिति में जब वह सीलबंद पैकेट का इलेक्ट्रॉनिक वजन कांटे पर वजन नापा गया, तब उसका वजन ७० ग्राम निकला । इस पर प्रतिष्ठान के अधिवक्ता कोई भी आपत्ति नहीं कर पाए ।

 

संपादकीय भूमिका

यह बात सरकारी व्यवस्था के ध्यान में क्यों नहीं आती ? क्या जानबूझकर इसकी अनदेखी की जाती है ? सरकार को इसकी ओर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए ।