(और इनकी सुनिए…) ‘भारत को बलपूर्वक लोगों को हमारे देश में भेजने नहीं देंगे !’ – Bangladesh Home Minister

बांग्लादेश के गृहमंत्री सलाहुद्दीन अहमद का भारत-द्वेषी कथन l

बांग्लादेश के गृहमंत्री सलाहुद्दीन अहमद

ढाका (बांग्लादेश) – किसी भी व्यक्ति को अवैध रूप से धकेलकर (‘पुश-इन’ द्वारा) बांग्लादेश में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी गई है । ‘बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश’ (BGB) ने स्थानीय लोगों की सहायता से अब तक ऐसे सभी प्रयासों को सफलतापूर्वक निष्फल कर दिया है । कुछ लोग अवैध रूप से देश में पहुंचे थे; किंतु अधिकारियों ने उन प्रकरणों में कार्रवाई की है, ऐसी जानकारी बांग्लादेश के गृहमंत्री सलाहुद्दीन अहमद ने दी । ढाका स्थित पिलखाना में बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश के मुख्यालय को भेंट देने के पश्चात वे बोल रहे थे । उन्होंने यह कथन भारत के संदर्भ में किया है । भारत की ओर से बांग्लादेशी घुसपैठियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जा रही है । भारतीय सीमा से बांग्लादेशी घुसपैठियों को पुनः भेजा जा रहा है तथा बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश उन्हें रोकने का प्रयास कर रहा है ।

(और इनकी सुनिए…) ‘भारत हमें सूची प्रदान करे !’

गृहमंत्री अहमद ने आगे कहा कि हमारी सरकार बंगाल की नई निर्वाचित सरकार की ‘राजनीतिक गतिविधियों’ का उत्तर देने के स्थान पर इस विषय पर भारत की केंद्र सरकार से वार्ता करेगी । यदि कोई बांग्लादेशी नागरिक भारत में निवास कर रहा है, तो भारतीय अधिकारियों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार विदेश मंत्रालय के माध्यम से उनकी सूची प्रदान करनी चाहिए । हम नागरिकता का सत्यापन करेंगे । यदि दावा योग्य पाया गया, तो हम उस व्यक्ति को उचित वैधानिक प्रक्रिया द्वारा पुनः लाएंगे । हम किसी को भी अन्य किसी मार्ग से भीतर नहीं आने देंगे ।

भारत द्वारा सूची प्रदान करने पर भी कार्रवाई नहीं !

भारतीय विदेश मंत्रालय ने कुछ समय पूर्व ही कहा था कि भारत ने २ सहस्र ६८० से अधिक घुसपैठिए नागरिकों की एक सूची बांग्लादेश को सौंपी है; किंतु बांग्लादेश सरकार ने अभी तक उनकी पहचान स्थापित नहीं की है । अनेक प्रकरणों में सत्यापन की प्रक्रिया ५ वर्षों से अधिक समय से लंबित है । द्विपक्षीय समझौतों के आधार पर इन प्रवासियों की स्वदेश वापसी की प्रक्रिया को सुचारू रूप से पूर्ण किया जा सके, इसके लिए बांग्लादेश को उनकी राष्ट्रीयता के सत्यापन में गति लानी चाहिए, ऐसा आह्वान मंत्रालय ने किया है ।

संपादकीय भूमिका

भारत में घुसपैठ करने वाले अपने ही देश के नागरिकों को न रोककर उल्टा भारत को धमकाने वाले बांग्लादेश को भारत द्वारा कठोर शब्दों में प्रत्युत्तर दिया जाना चाहिए !