श्रीराम मंदिर में दान चोरी की घटना में बडे लोगों को छोड दिया गया । – Shankaracharya Avimukteshwaranand Saraswati
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का केवल कनिष्ठ कर्मचारियों पर अभियोग प्रविष्ट होने को लेकर आरोप ।
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का केवल कनिष्ठ कर्मचारियों पर अभियोग प्रविष्ट होने को लेकर आरोप ।
बांग्लादेश सरकार को वहां के कट्टरपंथी तत्वों पर लगाम लगाना अत्यंत आवश्यक है । वहां रहनेवाले हिन्दू एवं अन्य अल्पसंख्यक समुदायों के लोग, इनकी रक्षा करना, यह बांग्लादेश सरकार का संवैधानिक दायित्व है ।
धर्मनिरपेक्षतावादी होने का ढोंग करनेवाले बांग्लादेश ने इस्लामी धार्मिक गुटों के दबाव में आकर हिन्दू मंदिरों का निर्माण कार्य रोक दिया है , इसके लिए भारत को उससे उत्तर मांगना चाहिए । इसके लिए भारत के प्रखर हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों द्वारा सरकार पर दबाव बनाना आवश्यक है !
प्रा. के.एस्. भगवान द्वारा प्रभु श्रीराम के विषय में किए गए विवादास्पद वक्तव्यों पर श्रीराम सेना के संस्थापक अध्यक्ष श्री. प्रमोद मुतालिक ने तीव्र आक्रोश व्यक्त किया ।
ऐसा कष्टदाई वक्तव्य करनेवाले इस प्राध्यापक का दिमागी संतुलन ठीक है क्या ? ऐसे लोगो के विरुद्ध सरकार द्वारा कठोर कार्रवाई करने तक हिन्दुओं को आन्दोलन करना चाहिए एवं सरकार पर दबाव बनाना चाहिए !
मिली जानकारी के अनुसार दान की गिनती होने के पश्चात यह निधि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र न्यास के खाते में जमा की जाती है । धन गिनने के लिए एक विशेष तन्त्र नियुक्त किया गया है एवं दो पाली में सेवारत कर्मचारी निधि की गिनती करते हैं ।
संपूर्ण विश्व पर वर्तमान में तृतीय विश्वयुद्ध के काले बादल मंडरा रहे हैं । ऐसी स्थिति में केवल राजनीतिक अथवा बौद्धिक स्तर के प्रयास पर्याप्त नहीं हैं । राष्ट्र को आध्यात्मिक अधिष्ठान की महती आवश्यकता है ।
इन कार्यक्रमों में उपस्थित जिज्ञासुओं एवं धर्मप्रेमियों ने भक्तिभाव पूर्वक सहभाग लेते हुए नाम संकीर्तन का लाभ लिया तथा धर्माचरण का संकल्प किया ।
‘वर्ष २०२६ की महाशिवरात्रि से अर्थात १५.२.२०२६ से सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. आठवलेजी ने साधकों को श्रीराम की उपासना (नामजप, स्तोत्र का पाठ इत्यादि) करने के लिए कहा है । इस संदर्भ में सूक्ष्म ज्ञान से प्राप्त जानकारी आगे दी गई है ।
वारकरी संप्रदाय में ‘प्रतिगामी’ विचारों के लोगों ने प्रवेश किया है, ऐसा वक्तव्य देकर हिन्दू समाज में फूट डालने वाले राष्ट्रवादी कांग्रेस शरदचंद्र पवार पक्ष के अध्यक्ष तथा राज्यसभा सांसद शरद पवार का कांग्रेस ने समर्थन किया है ।