अभिनेता अजय देवगन द्वारा ‘थैंक गोड’ चलचित्र में ‘चित्रगुप्त’ का अनादर !

बालीवुड अर्थात हिन्दुओं के देवी-देवताओं का अनादर करने का एक माध्यम ! इस प्रकार के हिन्दू विरोधी चलचित्रों का यदि हिन्दू बहिष्कार करते हैं, तो इसमें आश्चर्य कैसा ?

अनशन एवं दांडी यात्रा से नहीं, अपितु नेताजी एवं वीर सावरकर जैसे क्रांतिकारियों के कारण देश को स्वतंत्रता मिली ! – अभिनेत्री कंगना राणावत

‘केवल अनशन एवं दांडी यात्रा से हमें स्वतंत्रता मिली है’, यही अंकित किया गया; प्रत्यक्ष में वैसा नहीं है, ऐसा मत बॉलिवुड अभिनेत्री कंगना राणावत ने ८ सितंबर को ‘ए.एन्.आइ.’ से हुई चर्चा में व्यक्त किया है ।

सीवूड्स के ‘बेथेल गोस्पेल चर्च’ के पादरी ने और ३ अल्पवयीन लडकियों का लैंगिक शोषण करने का परिवाद !

प्रसारमाध्यम ऐसे समाचारों को विस्तार से प्रसारित क्याें नहीं करते ? यदि कोई एक हिन्दू संत पर इस प्रकार के झूठे आरोप लगाए गए होते, तो अब तक ‘ब्रेकिंग न्यूज’ के रूप में यह समाचार दिखाया गया होता !

पुष्पा चलचित्र के अभिनेता के रूप में गणेश मूर्ति !

कहां मुहम्मद पैगंबर की कथित अवमानना होने पर भी शिरच्छेद करनेवाले मुसलमान और कहां स्वयं ही अपने देवताओं की अवमानना करनेवाले हिन्दू !

अभिनेता आमीर खान के ‘लाल सिंग चढ्ढा’ चलचित्र की प्रदर्शनी का ‘नेटफ्लिक्स’द्वारा विरोध !

राष्ट्र एवं धर्म का विरोध करने पर क्या होता है, इसका अच्छा सबक अभिनेता आमीर खान को मिला है ! अन्य अभिनेता एवं अभिनेत्री इससे सीखें !

दोषियों पर कठोर कार्रवाई कर नई मुंबई के सभी चर्च के अंतर्गत आनेवाले छात्रावासों की जांच की जाए !

हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों को ऐसी मांग क्यों करनी पडती है ? पुलिस स्वयं ही आरोपियों पर कार्रवाई क्यों नहीं करती ?

‘यदि हमने इस प्रकार (वन्दे मातरम्) नहीं कहा, तो क्या हमें कारागृह में डालेंगे ?’

जिन क्रांतिकारियाें ने ‘वन्दे मातरम्’ का उद्घोष करते हुए भारत को स्वतंत्रता प्राप्त करवाई, उसी भारत में रह कर ‘वन्दे मातरम्’ नहीं कहूंगा’, ऐसी उद्दंडता दिखानेवाले लोगों को क्या भारत में रहने का अधिकार है ?

स्वतंत्रा के स्मृतिदिन के उपलक्ष्य में राष्ट्रहित के लिए समर्पित होकर कार्य करें !

बंटवारे के समय हिन्दुओं और भारतीयों ने असंख्य कष्ट सहन किए । उनके कारण ही भारत आज संपूर्ण विश्व में नए रूप में आ रहा है ।

विनियोग क्षेत्र के तज्ञ राकेश झुनझुनवाला का निधन

विनियोग क्षेत्र के तज्ञ तथा ‘शेयर बाजार के राजा’ के रूप में पहचाने जानेवाले राकेश झुनझुनवाला (आयु ६२ वर्ष) का १४ अगस्त को निधन हो गया ।

हम सभी में भेदभाव उत्पन्न करने के लिए जात-पात की खाई निर्माण किया गया ! – सरसंघालक

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने प्रतिपादन किया है कि अनेक ऐतिहासिक घटनाएं हमें कभी बताई नहीं गईं, अथवा ठीक से पढाई नहीं गई हैं ।