पंजाब में दहशत का वातावरण उत्पन्न न हो, इसलिए सरकार प्रयत्न करें !

सरकार को लोकतंत्र में रहनेवालों तथा अपनी बात को प्रस्तुत करनेवालों को असंवैधानिक पद्धति से बंदी बनाने से स्वयं का रोकना चाहिए; क्योंकि पंजाब ने इसके पहले बहुत कुछ सहा है । ऐसा आवाहन श्री अकालतख्त साहिब के जत्थेदार (प्रमुख) ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने किया है

ब्रिसबेन (ऑस्ट्रेलिया) खालीस्तान के लिए करवाए गए मतदान की चिरचिरी !

19 मार्च के दिन खालिस्तान के लिए ‘जनमत संग्रह 2020’ ( सिखों के लिए स्वतंत्र देश बनाए जाने के लिए मतदान) नाम से मतदान करवाया गया; इसमें केवल १०० सिखों द्वारा ही मतदान किए जाने की बात सामने आई है ।

पंजाब के घर-घर में विस्फोटक बनाए जा रहे हैं और इसके विस्फोट में मुख्यमंत्री मान और गृह मंत्री अमित शाह की राजनीतिक हत्या कर दी जाएगी !

खालिस्तानियों के राष्ट्र विरोधी आंदोलन को कुचलने का समय आ गया है, सरकार को इस पर ध्यान देना चाहिए !

खलिस्तानवादी अमृतपाल सिंह पर पंजाब में आक्रमण कर हिंसा फैलाने का षडयंत्र रचने का आरोप !

खलिस्तानवादी वारिस पंजाब दे संगठन का प्रमुख अमृतपाल सिंह के माध्यम से पंजाब में हिंसाचार फैलाने का षडयंत्र अन्य खालिस्तानवादी संगठनों ने रची है, यह जानकारी गुप्तचर संस्थाओं ने दी है । इस विषय में राज्य और केंद्र सरकार को सतर्क रहने का आदेश दिया गया है ।

उन लोगों से ब्रिटेन को धोखा, जो लोगों को भ्रमित कर आतंकवादी गतिविधियों में लिप्त होने के लिए प्रेरित कर रहे हैं !

ब्रिटेन को न केवल आतंकवादी संगठनों से धोखा है, बल्कि उन लोगों से भी है जो वास्तविक हिंसक कृत्यों में लिप्त नहीं होते किन्तु अन्य लोगों को आतंकवादी गतिविधियों में लिप्त होने के लिए प्रेरित करते हैं, एक ब्रिटिश सरकार समिति ने यह निष्कर्ष निकाला है ।

मंदिरों पर आक्रमण करनेवालों पर कार्यवाही करने के लिए ऑस्ट्रेलिया सरकार से कहिए !

भारत के विदेशमंत्री डॉ. एस्. जयशंकर आजकल ऑस्ट्रेलिया की यात्रा पर हैं । उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी एल्बनीज से भेंट की, साथ ही ऑस्ट्रेलिया के विदेशमंत्री पेनी वाँग से भी भेंट कर उनके साथ बातचीत की ।

(और इनकी सुनिए…) ‘एक दिन सभी सिखों को मुसलमान बनाएंगे !’- मौलाना मोहम्मद सुलेमान

इस विषय पर खालिस्तानवादी मौन क्यों ? पाकिस्तान की सहायता से भारत में खालिस्तानी कार्यवाहियां करने वाले खालिस्तानवादियों को धर्मांध मुसलमान अधिक समीप के लगते हैं क्या ?

खालिस्तान की भावना शाश्वत रहनेवाली है, जिसे आप दबा नहीं सकते !

स्वतंत्र पाकिस्तान बनने के उपरांत आज उनकी क्या स्थिति बन गई है, इसे पाकिस्तान से सहायता लेकर खालिस्तान की मांग करनेवालों को ध्यान में रखना होगा !

अमृतसर में हजारों सशस्त्र खालिस्तानी समर्थकों ने पुलिस थाने को घेरा !

इससे यही दिखाई देता है कि, ‘पंजाब में खालिस्तानी समर्थकों की सक्रीयता कैसे बढ रही है ?’ तो भी राज्य तथा केंद्र सरकार इसके प्रति गंभीर हैै ऐसा नहीं लगता, ऐसा चित्र है । अब यहां प्रश्न निर्माण होता है कि, ‘पिछला इतिहास देखते हुए कोई बडी घटना होने के उपरांत ही सरकार जागेगी क्या ?’

(और इनकी सुनिए…) ‘भजन के लिए आमंत्रित गायक कट्टर हिन्दू होने से हिंसा करेंगे !’ – खालिस्तानी, ऑस्ट्रेलिया

चूंकि भारत सरकार ने समय रहते कनाडा, अमेरिका तथा ब्रिटेन जैसे देशों में खालिस्तानियों को नहीं रोका, इसलिए अब ऑस्ट्रेलिया में भी वे हिन्दुद्वेषी कृत्य करने का दुःसाहस करने लगे हैं । अब भारत को सर्वत्र के हिन्दुओं की रक्षा के लिए कठोर कदम उठाना आवश्यक !