ब्रिटेन ने लाखों भारतीयों को मारकर ४५ खरब डॉलर की भारतीय संपत्ति लूटी !
सरकार को अब इस सम्पदा को वापस लेने का प्रयास करना चाहिए !
सरकार को अब इस सम्पदा को वापस लेने का प्रयास करना चाहिए !
केवल चिंता व्यक्त करने से कोई उपयोग नहीं । संयुक्त राष्ट्र संघ को इस पर कडे से कडे कदम उठाने की आवश्यकता है, अन्यथा यह स्पष्ट हो जाएगा कि ‘संयुक्त राष्ट्र´ केवल बिजूका (भुलावा) है !
७२ वर्षों उपरांत निर्णय होने को कोई ‘न्याय मिला’, ऐसा कभी कह सकता है क्या ?
हिन्दू कभी भी अन्य धर्मों के ग्रंथ पर ऐसी टिप्पणी नहीं करते; लेकिन अन्य धर्म वाले हमेशा ही हिन्दुओं के धर्मग्रंथों पर टिप्पणी करते हैं, इसी को धर्मनिरपेक्षतावादी और आधुनिकतावादी सर्वधर्मसमभाव कहते हैं, यह ध्यान में लें !
ऐसे वासनांधों को फांसी दी जाए !
मुसलमानों को अपनी यह अहंकारी धारणा छोड़ देनी चाहिए कि वे सर्वश्रेष्ठ हैं । उन्हें (मुसलमानों को) ‘हम एक उच्च वंश के हैं, हमने पहले भी इस देश पर शासन किया है और फिर से करेंगे , केवल हमारी पद्धति ही योग्य तथा अन्य निम्न हैं, हम अलग हैं और इसलिए दूसरों के साथ नहीं रह सकते, यह दुराग्रह छोडना होगा ‘।
इस्लामिक स्टेट द्वारा जिस प्रकार लोगों को मारा गया, यदि पाकिस्तानी मौलवी उसे ‘जिहाद’ कहते हैं, जिसका अर्थ ‘पवित्र युद्ध’ है, तो सच्चे इस्लामवादियों को कहना होगा कि यह इस्लाम के साथ विश्वासघात है ।
आदिवासियों को नौकरी और बच्चों की शिक्षा देने के नाम पर उन्हें फंसाया जा रहा है ।
धर्मांध अब हिन्दू नाम धारण कर हिन्दू धर्म के विरोध में आपत्तिजनक विचार प्रसारित करते हुए दिख रहे हैं । ऐसा कर वे हिन्दुओं में फूट डालने का और उनका बुद्धिभेद करने का प्रयास कर रहे हैं ।
लोकतंत्र के नाम पर हिंसा करनेवाले ऐसे मवाली कार्यकर्ताओं पर प्रतिबंध लगाना चाहिए !