Ajay Kumar Sonkar : गंगा नदी का पानी शुद्ध है, पर जिनके मन में शंका है, वे मेरी प्रयोगशाला में आकर शंका समाधान करा लें !
‘बाप दिखा, नहीं तो श्राद्ध कर’ इस प्रकार की भाषा में अब इन तथाकथित बुद्धिजीवियों और विज्ञानवादियों से बात करने की आवश्यकता है । तभी उनकी बुद्धि के अहंकार का दमन होगा !