केरल में ६ दिसंबर को पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया के कार्यकर्ताओं ने कॉन्वेंट पाठशाला के छात्रों को, ‘मैं बाबरी हूं’ लिखे हुए बिल्ले (बॅजेस) वितरित किए !

यदि हिन्दुओं का मंदिर गिराकर, वहां निर्मित बाबरी ढांचे का हिन्दुओंद्वारा तोडा जाना धर्मांध नहीं भूलेंगे; तो हिन्दू ही यह क्यों भूलें कि, मुसलमान आक्रमकोंने देश में साढे चार लाख मंदिरों को तोडा था ?

४ निर्दोष मुसलमान आरोपियों को अभियुक्त बनाने और उन्हें प्रताडित करने के कारण, प्रत्येक को १ लाख रुपये की हानि भरपाई दी जाए !

ऐसे कितने हिन्दुओं को मानवाधिकार आयोग या संबंधित राज्य सरकारोंद्वारा नुकसान भरपाई दी गई है ? जबकि, कट्टरपंथियों को तुरंत नुकसान भरपाई दी जाती है ; क्या यह भेदभाव नहीं है ?

विद्यालय के प्रसाधनगृह में छुपा कैमरा लगानेवाले धर्मांध शिक्षक को हिरासत में लिया

ऐसे वासनांध, ‘शिक्षक’ कहलाने के पात्र हैं क्या ? सरकार को ऐसों को आजीवन कारावास में डालना चाहिए !

वसीम रिजवी का शिरच्छेद करनेवाले को दिए जाएंगे ५० लाख रुपए !

ध्यान दें कि, कांग्रेस, जो हिन्दुओं को ‘भगवा आतंकवादी’ कहती है और मोहनदास करमचंद गांधी के अहिंसक सिद्धांतों का पालन करने का दिखावा करती है ; इस कट्टर नेता की घोषणा के विरोध में एक शब्द भी नहीं बोलती !

‘उत्तर प्रदेश शिया वक्फ बोर्ड’ के भूतपूर्व अध्यक्ष वसीम रिजवी ने अपनाया हिन्दू धर्म !

“सनातन, विश्व का प्रथम धर्म है एवं यहां जितनी अच्छी बातें हैं, उतनी अन्य किसी भी धर्म में नहीं है। ‘जुम्मा’ के दिन नमाज पठन के पश्चात, मुझे मारने के लिए पुरस्कारों की घोषणा की गई। सिर काटने का फतवा निकाला गया। ऐसी स्थिति में मुझे ‘मुसलमान’ होने पर लज्जा आती थी !”

विशेषज्ञ होने का दावा करने के प्रकरण में, चिकित्सक (डॉक्टर) को ५० सहस्र रुपए का दंड एवं ३ माह के लिए निलंबन !

यह चिकित्सक ‘नेफ्रोलॉजी’ (गुर्दे से संबंधित) के क्षेत्र में एक विशेषज्ञ होने का दावा कर रहा था। चिकित्सालय के फलक पर उनके नाम के आगे इसका उल्लेख भी किया गया था।

भाजपा के सत्ता में रहते तीन तलाक पर कानून हो सकता है; तो मथुरा और काशी के लिए भी होना चाहिए ! – डॉ. प्रवीण तोगडिया

देश तोडनेवाले और मंदिर गिरानेवाले जिहादियों को कठोर सजा होनी चाहिए। उनको जड से समाप्त कर देना चाहिए। ‘शारदा शक्तिपीठ’ के दर्शन करने के बाद वे पत्रकारों से बात कर रहे थे।

(कहती हैं) ‘आज का भारत गांधी का नहीं, गोडसे का है !’ – मेहबूबा मुफ्ती

जो सत्य नहीं, ऐसे विधान कर लोगों को भ्रमित करने का प्रयास मेहबूबा मुफ्ती कर रही हैं, यदि यह देश गांधी का न होता, तो भारत पुन: अखंड भारत हो जाता ! ऐसा तो अभी नहीं हुआ, यह वस्तुस्थिति है ! काश्मीर में अब जिहादियों पर कुछ मात्रा में अंकुश लगने से उन्हें मुसलमान प्रेमी गांधी की याद आ रही है !

(कहते हैं) ‘ये छोटे बच्चे हैं, उत्तेजित होकर अनायास ऐसे काम कर जाते हैं !’

ऐसे शासकोंवाले देश में निर्दोषों की हत्या नहीं होगी, तो क्या होगा ? इसे ध्यान में रखते हुए, विश्व समुदाय पाकिस्तान का बहिष्कार करे ; यही एकमात्र उपाय है ! कम से कम श्रीलंका और भारत को तो यह निर्णय लेना ही चाहिए !

म्यांमार की पूर्व नेता आंग सान सू की को चार वर्ष के कारावास का दंड सुनाया गया है !

सैनिकों ने, सरकार विरोधी शांतिपूर्ण प्रदर्शन करते समय, प्रदर्शनकारियोंको कुचल डाला। कुछ नागरिकों का वाहन के पहियों के नीचे दब कर प्राणांत हो गया। प्रदर्शनकारियों पर गोलीबारी भी की गई।