विशिष्ट धर्मियों को प्रसन्न करने के लिए मेरे पति को बनाया बंदी !
टी. राजा सिंह को मुहम्मद पैगंबर का कथित अपमान करने के कारण ‘प्रिवेंटिव डिटेंशन एक्ट’ के अंतर्गत बंदी बनाया गया है ।
टी. राजा सिंह को मुहम्मद पैगंबर का कथित अपमान करने के कारण ‘प्रिवेंटिव डिटेंशन एक्ट’ के अंतर्गत बंदी बनाया गया है ।
ऐसी मांग क्यों करनी पडती है ? यदि टी. राजा सिंह के प्राण संकट में हैं, तो सरकार उन्हें कारागृह में सुरक्षापूर्ति क्यों नहीं करती ?
क्या ऐसे लोगों पर सत्ताधारी तेलंगाना राष्ट्र समिति की सरकार कार्यवाही करेगी अथवा तुष्टीकरण हेतु उनकी अनदेखी करेगी ?
भारत के तथाकथित असुरक्षित मुसलमान ! इस विषय में अब पुरो (अधो) गामी तथा निधर्मीवादी अपना मुंह नहीं खोलेंगे !
२ दिन पूर्व टी. राजा सिंह को मोहम्मद पैगंबर का कथित अपमान करने के कारण बंदी बनाया गया था । इस प्रकरण में उन्हें बाद में जमानत पर छोड दिया गया था । इसके उपरांत उन्हें २५ अगस्त के दिन दोपहर में पुराने प्रकरण में बंदी बनाया गया है ।
इस प्रकार से सीधे कानून हाथ में लेने के लिए भडकाते समय तेलंगाना पुलिस उनके ऊपर कार्यवाही नहीं करती है, यह ध्यान में लें ! ऐसी भडकाने वाली बात किसी हिन्दुत्वनिष्ठ ने की होती, तो उसे तुरंत कारागृह में डाल दिया जाता !
गोशामहल विधानसभा मतदातासंघ के भाजपा के विधायक टी. राजा सिंह को पैगंबर का कथित अपमान करने के लिए बंदी बना कर तदुपरांत प्रतिभूति (जमानत) पर छोड दिया गया ।
हिन्दू देवी-देवताओं का अपमान करनेवालों के विरुद्ध ऐसी तत्काल कार्यवाही कभी नहीं की जाती !
उस्मानिया विश्वविद्यालय के ८२ वें दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे । इस समय प्रधान न्यायमूर्ति रमन को विश्वविद्यालय की ओर से ‘डाक्टरेट’ की उपाधि प्रदान कर सम्मानित किया गया ।
भाजप के भूतपूर्व प्रवक्ता नूपुर शर्मा ने मोहम्मद पैगंबर के विरोध में तथाकथित आक्षेपजनक विधान पर चिश्ती ने शर्मा का शिरच्छेद करने की चेतावनी मुसलमानों को दी थी ।