श्री रामनवमी के जुलूसों पर देश के ५ राज्यों में धर्मांध कट्टरपंथियों का आक्रमण !

हिन्दू राष्ट्र में हिन्दुओं के ही धार्मिक जुलूसों पर आक्रमण करने का साहस अनेक वर्षों से चला आ रहा है । इस स्थिति को बदलने के लिए, अब हिन्दुओं को युद्ध स्तर पर संवैधानिक मार्गों से सर्वंकष प्रयास करने चाहिए ।

बिहार में पूरे ५०० टन वजन के फौलादी (इस्पाती) पुल को विघटित कर सामग्री की चोरी !

यदि ऐसा है, तो सरकारी विभाग में हो रहा भ्रष्टाचार किस स्तर पर पहुंच गया है, इसकी कल्पना की जा सकती है । ऐसे भ्रष्ट सरकारी अधिकारियों को पदच्युत कर उन्हें आजन्म कारावास का दंड क्यों न दिया जाए ?

फेसबुक पर ‘जय श्रीराम’ लिखने पर, भोपाल में भाजपा समर्थक मुसलमान को उसी के धर्म बंधुओं ने मारा !

एक ओर, हिन्दुओं को सर्वधर्म समभाव की घुट्टी पिलाते हैं, तो दूसरी ओर, धर्मांध मात्र हिन्दू और हिन्दुओं का समर्थन करनेवाले उन्हीं के धर्म बंधु पर इस प्रकार आक्रमण करते हैं ! यह निधर्मिवादीयों को दिखता नहीं क्या ?

(कहते हैं) ‘आक्रमणकर्ता मुर्तजा मनोरोगी !’

समाजवादी पक्ष, यह जिहादी आक्रमणकारीयों का पक्ष लेनेवाला दल है ; ये समय- समय पर स्पष्ट हुआ है । इसी पक्ष के सत्ताकाल में कारसेवकों को गोलीयों से मारकर उनकी मृतदेहों को बडे-बडे पत्थर बांधकर शरयू नदी में फेंका गया था ।

मुसलमान बहुल भागों में, हिन्दू के घर में घुसकर मारपीट !

उत्तर प्रदेश में भाजपा की सरकार होते हुए, मुसलमान बहुल भागों के हिन्दू असुरक्षित न रहें ; यह हिन्दुओं की अपेक्षा है !

दो नाबालिग लडकियों का बलात्कार करने वाले धर्मांध पुलिस अधिकारी को ९ वर्ष बाद आजीवन कारावास की सजा

९ वर्षों बाद पीडितों को न्याय मिलना, यह न्याय न होकर अन्याय ही है !

जयपुर में ३ जिहादी आतंकवादियों को बंदी बनाया गया

जयपुर एवं चित्तौडगढ पुलिस ने जयपुर में बम विस्फोट का षड्यंत्र रचनेवाले जुबेर, अल्तमस और सरफुद्दीन नामक ३ आतंकवादियों को बंदी बनाया है ।

बरेली (उत्तर प्रदेश) में धर्मांध कट्टरपंथियों द्वारा हिन्दू ढाबा चालक की गला काट कर हत्या !

इस हत्याकांड पर सारे (धर्मनिरपेक्ष) और धर्मनिरपेक्षतावादी चुप क्यों हैं ? अब वे इसे ‘असहिष्णुता’ नहीं कहेंगे !

कुशीनगर (उत्तर प्रदेश) में ‘द कश्मीर फाईल्स’ चलचित्र देखकर घर जानेवाले तीन हिन्दु युवकों पर धर्मांन्धों का आक्रमण !

जो कश्मीर में हिन्दुओं के सन्दर्भ में हुआ, वही आज उत्तर प्रदेश में हो रहा है तो यह हिन्दुओं के लिए लज्जास्पद ! सरकार को इसका त्वरित अभिज्ञान लेकर सम्बन्धित लोगों पर कठोर कारवाई करनी चाहिए !

होली की पूर्व संध्या पर, बांग्लादेश में २०० से अधिक कट्टरपंथियों ने इस्कॉन मंदिरों में तोडफोड की !

भारत में भी जब कट्टरपंथी धर्मांध, हिन्दुओं पर आक्रमण करते हैं, तब पुलिस मूक दर्शक बनी निष्क्रिय रहती है । यदि मुसलमान बहुल बांग्लादेश में पुलिस निष्क्रिय रहती है, तो इसमें आश्चर्य क्या है ?