श्रीलंका में चीन बनाकर देगा निर्धनों को १९ सहस्र घर !

चीन लगातार किसी न किसी बहाने श्रीलंका को अपने नियंत्रण में रखने का अथवा भारत के विरुद्ध उसका उपयोग करने का प्रयास कर रहा है । चीन की इस चाल का भारत द्वारा जैसे को तैसा प्रत्युत्तर देना आवश्यक !

पाकिस्तानी गुप्तचर संस्था आय.एस्.आय. पर निज्जर की हत्या करने का संदेह !

यदि यह सत्य है, तो जस्टिन ट्रुडो को भारत से क्षमा मांगनी चाहिए तथा पाकिस्तान को इसके लिए दोषी ठहराते हुए उसके विरोध में कृति करनी चाहिए !

ट्रुडो सदैव ऐसे ही निराधार और सनसनीखेज आरोप करते रहते हैं । – श्रीलंका के विदेश मंत्री अली साबरी

भारत पर आरोप लगाने की बात को लेकर कनाडा के प्रधानमंत्री ट्रुडो को श्रीलंका के विदेश मंत्री अली साबरी ने लगा दी फटकार !

कनाडा में भारतीय दूतावास के बाहर खालिस्तानियों का विरोध प्रदर्शन !

खालिस्तानियों ने २५ सितंबर को कनाडा में २ स्थानों पर भारत के विरुद्ध प्रदर्शन किया । इस अवसर पर भारत का राष्ट्रीय ध्वज एवं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला भी जलाया गया ।

भारत पर हमें गर्व है वो कभी भी गलत काम नहीं करेगा ! – बांग्लादेश के विदेशमंत्री ए.के. अब्दुल मोमेन

मुझे इस विषय की अधिक जानकारी न होने के कारण मैं इस पर अधिक कुछ नहीं बोल सकता; लेकिन भारत पर हमें गर्व है । वह कभी भी हत्या जैसे कृत्य नहीं करेगा । भारत के साथ हमारे मूल्य और सिद्धांत पर आधारित दृढ संबंध हैं ।

पाकिस्तान में अमेरिकी राजदूत का पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर का दौरा !

अमेरिका का सच्चा स्वरूप ! अमेरिका भारत का कभी भी मित्र हो नहीं सकता । अमेरिका स्वयं के स्वार्थ के लिए किसी एक देश को नजदीक करता है और स्वयं का स्वार्थ सिद्ध हो जाने पर उसे दुत्कार देता है ।

हमने चीन के जहाज को बंदरगाह पर रुकने की अनुमति नहीं दी !

चीन का जहाज जासूसी करने के उद्देश्य से श्रीलंका के बंदरगाह पर आने से भारत ने अनुमति दिए जाने का विरोध किया था ।

इस वर्ष देश के ६ सहस्त्र ५०० करोडपति भारत छोडकर विदेश में बस जाएंगे !

इसके लिए अभी तक शासन करने वाले ही उत्तरदायी हैं, जो सामान्य जनता को सुविधाएं उपलब्ध कराकर उनका जीवन स्तर ऊंचा नहीं उठा सके !

सेनादलों के अग्निवीर भर्ती योजना में बडा परिवर्तन होने की संभावना !

भारत सरकार ने गत वर्ष सशस्त्र दलों में भर्ती होने के लिए ‘अग्निवीर’ नामक योजना कार्यान्वित की थी । इस योजना का तब बहुत विरोध हुआ था; परंतु सरकार ने इस विरोध की उपेक्षा कर यह योजना कार्यान्वित की ।

चीन ने भारत की सीमा पर किए हैं अनेक निर्माण कार्य !

चीन को जैसे का तैसा प्रत्युत्तर देने के लिए भारत को भी उतनी ही तैयारी करने की आवश्यकता है !