मणिपुर के प्रकरण से संसद का कामकाज कुछ समय के लिए स्थगित !

सरकार चर्चा के लिए तैयार होते हुए भी विरोधी दलों द्वारा हो-हल्ला !

राज्यसभा ने मदरसों को आधुनिक बनाने हेतु विशेष निधि की मांग का प्रस्ताव अस्वीकार किया !

संसद में देश के मदरसे बंद करने का ही प्रस्ताव प्रस्तुत कर उसे बहुमत से सम्मत करने की आवश्यकता है !

देश के उच्च न्यायालय के २१६ न्यायमूर्तियों के पद रिक्त !

केंद्रीय कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने राज्यसभा में जानकारी दी है कि ‘कॉलेजियम’ की अनुमति न मिलने से ये पद रिक्त हैं । कॉलेजियम एक सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय द्वारा विकसित की गई प्रणाली है ।वह न्यायमूर्तियों की नियुक्ति एवं स्थानांतर से संबंधित है ।

ऎसे संकेत मिले हैं जिससे ज्ञात होता है कि राम सेतु जैसी संरचना पहले अस्तित्व में थी !

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने राम सेतु को लेकर केंद्र सरकार के वक्तव्य की आलोचना की है । खेड़ा ने ट्वीट कर कहा कि सभी भक्त कान लगाकर सुनें और आंखें  खोल कर देखें; मोदी सरकार संसद में कह रही है कि राम सेतु का कोई साक्ष्य नहीं है ।

विगत ५ वर्षों में राज्यसभा के कार्यकाल का ५७ प्रतिशत समय व्यर्थ ! – सभापति व्यंकैय्या नायडू ने व्यक्त किया खेद !

संसद के प्रत्येक अधिवेशन में समय व्यर्थ जाने की अवधि बडी होती है; परंतु इसके लिए उत्तरदायी व्यक्तियों से दंड वसूल नहीं किया जाता अथवा कठोर कार्रवाई भी नहीं की जाती । इस कारण इस स्थिति में कभी सुधार नहीं होता ।

राज्यसभा में विरोधी सदस्यों के हंगामे के कारण सभापति व्यंकय्या नायडू की आंखों में आंसू !

ऐसी घटनाएं रोकने हेतु सभापति नायडू को भावुक होने की अपेक्षा कठोर बनकर हंगामा करनेवाले सदस्यों को निलंबित कर उनसे सदन के व्यर्थ हो चुके समय का खर्चा वसूलना चाहिए !

राज्यसभा में हंगामा करने वाले तृणमूल कांग्रेस के ६ सांसद निलंबित

राज्यसभा अध्यक्ष के सामने के खुले स्थान में हुए हंगामे के प्रकरण में तृणमूल कांग्रेस के छह सांसदों को निलंबित कर दिया गया है ।

दंगों के कारण ७ दिनों में लोकसभा के ३८ घंटे और राज्यसभा के ३३ घंटे ८ मिनट बर्बाद हो गए !

लोकसभा में केवल ४ घंटे, तो राज्यसभा में ८ घंटे २ मिनट कामकाज हुआ !
दोनों सदनों पर कुल ५३ करोड ८५ लाख रुपयों की क्षति !