Female Suicide Squads : महिला आत्मघाती समूहों के माध्यम से जम्मू-कश्मीर में आक्रमण करने का आतंकवादियों का षडयंत्र ।

पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन ‘जैश-ए-मोहम्मद’ तथा ‘लश्कर-ए-तैयबा’ महिला आत्मघाती समूहों के लिए बडी संख्या में भर्ती कर रहे हैं । जम्मू-कश्मीर में आक्रमण के लिए इन महिला आत्मघाती समूहों को तैयार किया जा रहा है ।

Amarnath Yatra : अमरनाथ यात्रा ३ जुलाई से प्रारंभ !

इस वर्ष की अमरनाथ यात्रा ३ जुलाई से प्रारंभ होगी । यात्रा के लिए पंजीकरण १५ अप्रैल से आरंभ होगा । इस वर्ष यह यात्रा २८ अगस्त तक चलेगी, ऐसी जानकारी जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने दी ।

Amarnath Yatra : अमरनाथ यात्रा का प्रारंभ , प्रत्येक ५० मीटर पर २ सैनिक तैनात

हिन्दुओं के देश में हिन्दुओं की धार्मिक यात्रा को वर्षों से सेना की सुरक्षा में करना पडता है। यह हिन्दुओं के लिए लज्जाजनक है। इस स्थिति को बदलने के लिए हिन्दू राष्ट्र की स्थापना करना आवश्यक है ।

MLA Waheed Para : (और इनकी सुनिए…) ‘अमरनाथ यात्रा के लिए निर्माणकार्य किए जानेवाले मार्गोंं के कारण पर्यावरण की क्षति होने की संभावना है !’ – विधायक वाहिद पारा

पर्यावरण की क्षति सदैव केवल हिन्दुओं के त्योहार अथवा यात्रा के संदर्भ में ही होने का शोर कैसे होता है ? अन्य धर्मियों के त्योहार के समय कोई भी पर्यावरण की क्षति का प्रश्न उपस्थित नहीं करता?

Amarnath Yatra 2025 : ३ जुलाई से ९ अगस्त तक होगी अमरनाथ यात्रा

यह अवधि ३८ दिन की होगी । श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड की बैठक में यात्रा की तारीख की आधिकारिक घोषणा की गई।

अमरनाथ यात्रा छडी मुबारक समारोह के साथ समाप्त होती है

चांदी की पवित्र छडी जिसे ‘छडी मुबारक’ कहा जाता है। इन्हें भगवान शिव का प्रतीक माना जाता है। यह एक धार्मिक परंपरा है । यह चांदी की छडी बहुत महत्वपूर्ण मानी जाती है। माना जाता है कि इस छडी में भगवान शिव की अलौकिक शक्ति है।

Rain Halts Chardham Yatra : अत्यधिक वर्षा के कारण चारधाम एवं अमरनाथ यात्रा रुकी!

अत्यधिक वर्षा के कारण चारधाम यात्रा रोक दी गई है। बद्रीनाथ-विष्णु प्रयाग राष्ट्रीय राजमार्ग के पास भूस्खलन के कारण सड़क ठप हो गई है। उधर, जम्मू-कश्मीर में अत्यधिक वर्षा के कारण अमरनाथ यात्रा रोक दी गई है।

Amarnath Pilgrims : अमरनाथ यात्रियों का पहला जत्था कल कश्मीर पहुंचेगा।

अमरनाथ यात्रा २९ जून से आरंभ हो रही है। तीर्थयात्रियों का पहला जत्था कल २८ जून को कश्मीर पहुंचेगा। यहां से तीर्थयात्री बालटाल तथा अनंतनाग पर पहुंचने के लिए प्रस्थान करेंगे। वहां से सभी तीर्थयात्रियों को सुरक्षा समूह द्वारा ले जाया जाएगा।