उत्तरप्रदेश के धार्मिक स्थलों पर लगे १ लाख भोंपू उतारे गए ! – योगी आदित्यनाथ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जानकारी दी है कि ‘‘उत्तरप्रदेश राज्य के धार्मिक स्थलों पर लगे १ लाख भोंपू हटाए गए हैं’’ । उन्होंने कहा कि ‘‘इतनी बडी संख्या में भोंपू उतारने से राज्य में कोलाहल अल्प हो गया है ।

विश्वयुद्ध के भयावह दुष्परिणाम !

शहर के शहर भस्म हो जाते हैं । उसके कारण उद्ध्वस्त शहर, मार्ग, पुल आदि तथा नष्ट हुई संस्थाओं को खडा करने में बहुत समय लग जाता है । जिससे वहां के विकास की बहुत हानि होती है ।

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया द्वारा २ चल दूरभाष क्रमांकों से सावधानी बरतने की खातेदारों को सूचना !

ऑनलाइन व्यवहारों के बढते हुए प्रयोग के कारण सायबर अपराधों की घटनाओं में भी शीघ्र गति से वृद्धि हो रही है । विगत कुछ वर्षाें में बैंकिंग धोखाधडी (ठगी) की घटनाओं में वृद्धि हुई है ।

देश से ५ करोड़ घुसपैठियों को निकालने की मांग करनेवाली एक याचिका सुप्रीम कोर्ट में ५ वर्ष से प्रलंबित

राष्ट्रीय सुरक्षा के ऐसे संवेदनशील मुद्दे पर प्रशासन की चुप्पी अस्वीकार्य है। जब ऐसे मुद्दों को वर्षाें तक प्रलंबित रखा जाता है तब क्या आम जनता के प्रश्नों को कभी समय पर न्याय मिलेगा ? यह प्रश्न खडा होता है ।

‘मै राम को नहीं पहचानती और राज्य में राम का मंदिर भी नहीं !

तमिलनाडु काँग्रेस की महिला सांसद ज्योतिमणि का दावा !

मुम्बई में दंगा कराने वाली रझा अकादमी के ‘इफ्तार पार्टी’ में मुम्बई पुलिस आयुक्त संजय पाण्डे की उपस्थिति !

दंगाइयों के कार्यक्रमों में उपस्थिति देनेवाले पुलिस अधिकारी अपराध कैसे रोकेंगे ?

विवाह समारोह में क्या नहीं करना चाहिए एवं विवाह समारोह कैसा होना चाहिए ?

पूर्वकाल में हिन्दुओं के विवाह समारोह धार्मिक रूप से संपन्न होते थे । वर-वधू को देवालय के चैतन्य का लाभ प्राप्त होने की दृष्टि से विवाहसंस्कार देवालय में करने की भी परंपरा थी । वर्तमान में हिन्दुओं को लगता है कि विवाह समारोह एक मौजमस्ती का कार्यक्रम है ।

पंजाब में एक सिख युवक ने भगवान शिव और देवी पार्वती की मूर्तियों पर रखी चप्पल !

वर्तमान में सिख समाज ‘सिख’ को भिन्न धर्म मानता हैं; परंतु, वास्तव में वह हिन्दू धर्म का ही एक हिस्सा है । भारत में खलिस्तानवाद तीव्रता से बढने पर सिखों द्वारा हिन्दुओं का द्वेष करना, उनके श्रद्धास्थानों पर आघात करने, जैसे प्रकरण बढ गए हैं ।

हल्द्वानी (उत्तराखंड) – यहां राष्ट्रध्वज से साइकिल स्वच्छ करनेवाले रफीक को बंदी बनाया !

राष्ट्रध्वज को जलाकर, फाडकर अथवा किसी अन्य प्रकार से उसका अनादर करनेवाले धर्मांध ही होते हैं, यह एक कडवा सत्य है । राष्ट्रप्रेमियों को लगता है कि ऐसी राष्ट्रद्रोही विकृति के विरुद्ध समय पर ही कठोर कार्रवाई करनी चाहिए !