भारत महाशक्ति बनने की तैयारी में ! – अमेरिका
भारत अमेरिका का एक सहयोगी नहीं होगा, अपितु वह एक स्वतंत्र, शक्तिशाली देश बनने की तैयारी में है । वह एक और महाशक्ति बनकर उभरेगा ।’
भारत अमेरिका का एक सहयोगी नहीं होगा, अपितु वह एक स्वतंत्र, शक्तिशाली देश बनने की तैयारी में है । वह एक और महाशक्ति बनकर उभरेगा ।’
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति और वर्ष २०२४ में रिपब्लिकन पार्टी के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रम्प ने सामाजिक माध्यमों से एक पोस्ट प्रसारित की है । इसमें उन्होने ‘वर्ष २०२० के राष्ट्रपति पद के चुनाव में मेरी विजय हुई थी’, ऐसा दावा पुन: एक बार किया है ।
कैनडा का कथित सुधारवादी समाज एवं सरकार को अध्यात्मशास्त्र ज्ञात न होने के कारण वहां इच्छामृत्यु का स्थान है । इससे वे अपने नागरिकों को आध्यात्मिक स्तर पर हानि पहुंचा रहे हैं !
अमेरिका को अन्य देशों की धार्मिक स्वतंत्रता के विषय में बोलते समय स्वयं के देश में वर्णद्वेष के कारण धार्मिक स्वतंत्रता का गला घोंटा जा रहा है, इस विषय में मुंह खोलना चाहिए !
भारतीय सुरक्षा तंत्र के लिए यह लज्जाजनक है कि विदेश में रहकर भारत में किसी की हत्या की जाए !
अमेरिका के रक्षामंत्रालय ‘पेंटगॉन’ द्वारा संसद को भेजे गए ब्यौरे में चीन के विषय में जानकारी दी है । इसमें कहा है कि चीनी सेना भारत को अमेरिका के समीप जाने से रोकने का प्रयास कर रही है और इसके लिए चीन सीमा पर तनाव कम करने का प्रयास कर रहा है ।
इस विधेयक का कानून में रूपांतरण होते ही समलैंगिक विवाहों को मान्यता दे दी जाएगी । वर्ष २०१५ में सर्वोच्च न्यायालय ने अमेरिका में इस पर प्रतिबंध लगाया था ।
अमेरिका ने कहा है कि चीन की ‘जीरो कोविड पॉलिसी’ नहीं चलेगी । हमें लगता है कि इस तरह की नीतियों से कोरोना पर नियंत्रण पाना कठिन है ।
महासत्ता अमेरिका का समाज आधुनिक कहलाता है । ऐसा होते हुए भी इस समाज में गोलीबारी जैसी घटनाएं क्यों होती हैं ?, क्या इसका उत्तर अमेरिका देगी ? उसके पास इसका उत्तर नहीं है !
सिखों के १०वें गुरु गोबिंद सिंह ने सिखों के लिए ५ वस्तुएं अनिवार्य की थीं । इसमें केश, कडा, कृपाण, कचेरा (अंतःवस्त्र) और कंघा होता है ।