आतंकवादियों से लडाई !
वर्ष २०११ के ९ सितंबर ‘९/११’ को जिस ‘वर्ल्ड ट्रेड सेंटर’ के ‘ट्वीन टॉवर’ पर हुए आतंकवादी आक्रमण में ३ सहस्र से अधिक अमेरिकी नागरिक मारे गए थे, उसका प्रतिशोध अमेरिका ने अंततः १ अगस्त २०२२ को ले ही लिया ।
वर्ष २०११ के ९ सितंबर ‘९/११’ को जिस ‘वर्ल्ड ट्रेड सेंटर’ के ‘ट्वीन टॉवर’ पर हुए आतंकवादी आक्रमण में ३ सहस्र से अधिक अमेरिकी नागरिक मारे गए थे, उसका प्रतिशोध अमेरिका ने अंततः १ अगस्त २०२२ को ले ही लिया ।
रश्दी पर २० सेकेंड तक चाकू से १० से १५ घाव ! – प्रत्यक्षदर्शी द्वारा प्राप्त जानकारी
यही अमेरिका भारत के अल्पसंख्यकों पर कथित अत्याचारों की घटनाओं से ‘भारत में अल्पसंख्यक समाज असुरक्षित है’, इस प्रकार के मिथ्या विवरण प्रकाशित कर भारत की प्रतिमा मलिन करती है ! अब भारत को चाहिए कि अमेरिका को आईना दिखाए !
अल्-कायदा प्रमुख अल-जवाहिरी को अफगानिस्तान में मार गिराए जाने के उपरांत अमेरिका ने अब यहां के गजनी प्रांत के अंदारे क्षेत्र पर भी मिसाइल आक्रमण किया है ।
अमेरिका के ‘सीनेट’ में विधेयक सम्मत होना कठिन !
भारत के कितने कलाकारों में आध्यात्मिक नगरी वाराणसी के प्रति ऐसा भाव है ?
मूर्ति भारत में लाने के प्रयत्न आरंभ !
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में भारत का प्रतिपादन
केंद्रीय गृहराज्यमंत्री नित्यानंद राय द्वारा संसद में प्रस्तुत की गई आंकडों के अनुसार प्रतिवर्ष कुल मिलाकर ढेड लक्ष नागरिक भारत के नागरिकता त्याग कर रहे हैं ।
प्रगति के नाम पर पर्यावरण का ह्रास करने का यह दुष्परिणाम है । प्रहार करने से प्रकृति अपना रूप दिखा ही देती है, यह बात मानव के ध्यान में आए एवं वह प्रकृति के अनुकूल वर्तन करे, वह सुदिन होगा !