रामजन्मभूमि पर वेद मंत्रोच्चारों के साथ की गई राम अर्चना !
अयोध्या (उत्तरप्रदेश) – राममंदिर भूमिपूजन के समारोह के उपलक्ष्य में आयोजित तीन दिवसीय अनुष्ठान के प्रथम दिन श्री गणेशपूजन और सीतामाता व भगवान श्रीराम की कुलदेवी का पूजन किया गया ।
अयोध्या (उत्तरप्रदेश) – राममंदिर भूमिपूजन के समारोह के उपलक्ष्य में आयोजित तीन दिवसीय अनुष्ठान के प्रथम दिन श्री गणेशपूजन और सीतामाता व भगवान श्रीराम की कुलदेवी का पूजन किया गया ।
अयोध्या – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी के शुभ हस्तों ५ अगस्त को श्री राममंदिर का भूमिपूजन होनेवाला है । इसकारण कडी सुरक्षाव्यवस्था की गई है । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगभग ३ घंटे अयोध्या के दौरे पर रहेंगे ।
देहली – ‘भारतीय क्रिकेट नियामक मंडल’ ने ‘आइ.पी.ए.ल.’ क्रिकेट स्पर्धाआें को प्रायोजित करने के लिए पुन: चीनी संस्थाआें को ठेका देने का निर्णय लिया है । यह निर्णय शहीद भारतीय सैनिकों के बलिदान का घोर अपमान है ।
मुरादाबाद (उत्तरप्रदेश) यहां के पाकबडा में ईसाई धर्म न स्वीकारनेवाली वृद्ध माता को पुत्र एवं पुत्रवधु द्वारा पीटने की घटना घटी है । इस प्रकरण में माता द्वारा की गई शिकायत पर पुलिस ने पुत्र अजीत और पुत्रवधु पुष्पा सहित अन्य एक के विरुद्ध अपराध प्रविष्ट किया है ।
राममंदिर भूमिपूजन के समारोह के उपलक्ष्य में आयोजित तीन दिवसीय अनुष्ठान के प्रथम दिन श्री गणेशपूजन और सीतामाता व भगवान श्रीराम की कुलदेवी का पूजन किया गया ।
राममंदिर का कौन विरोध कर रहा है, यह सभी को पता है । हिन्दूबहुसंख्यक देश में हिन्दुओं के आराध्य देवता प्रभु श्रीरामजी के मंदिर के भूमिपूजन का मुहूर्त निकालनेवालों को धमकियां मिलती हैं, यह अत्यंत निंदनीय है । हिन्दुत्वनिष्ठ एवं हिन्दुओं के मंदिरों के पुजारियों की हत्या करनेवालों को समय-समय पर कठोर दंड न मिलने … Read more
श्रीनगर – वर्ष १९९० में कश्मीरी हिन्दुआें के कश्मीर घाटी से हुए विस्थापन की जांच सर्वोच्च न्यायालय के निवृत्त न्यायाधीश द्वारा की जाए ।
अयोध्या (उत्तरप्रदेश) – रामजन्मभूमि का प्रश्न हल हो गया है, तब भी मथुरा और काशी के मंदिरों का प्रश्न अभी नहीं सुलझा है । पहले काशी के प्रश्न को हल करना है अथवा मथुरा का ?, इस संबंध में हम सब एकत्रित बैठकर विचार करेंगे ।
नई देहली – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ३ अगस्त को हुए संस्कृत दिवस के उपलक्ष्य में जनता को संस्कृत भाषा में शुभकामनाएं दी हैं ।
नई देहली – सेना पर वेबसीरिज और चलचित्र बनाने से पूर्व चलचित्र निर्मिति प्रतिष्ठानों को अब रक्षा मंत्रालय की अनुमति लेनी पडेगी ।