हिन्दू जनजागृति समिति द्वारा छत्तीसगढ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का सत्कार !

राज्य को नक्सलमुक्त करनेवाले मुख्यमंत्री का हिन्दुत्वनिष्ठों द्वारा अभिनंदन !

मुख्यमंत्री का सत्कार करते हुए अनेक हिन्दुत्वनिष्ठ

रायपुर (छत्तीसगढ) – हिन्दू जनजागृति समिति की ओर से छत्तीसगढ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का सत्कार किया गया । राज्य में धर्मांतरण निरोधक कानून लागू करने एवं राज्य को नक्सलमुक्त करने की इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का हिन्दू जनजागृति समिति एवं गोरक्षकों के संयुक्त मंडल ने अभिनंदन किया । मण्डल ने कहा कि राज्य को दशकों से खोखला करनेवाले नक्सलवाद का अन्त करने, साथ ही राज्य में ‘लव जिहाद’ एवं धर्मांतरण जैसी राष्ट्रविरोधी प्रवृत्तियों पर नियन्त्रण लाने के लिए कानून लागू करने का हिन्दू समाज स्वागत कर रहा है । इस अवसर पर छत्तीसगढ भाजपा के उपाध्यक्ष प्रबल प्रताप सिंह जुदेव ने भी मुख्यमंत्री का सम्मान किया । मंडल में हिन्दू जनजागृति समिति के महाराष्ट्र एवं छत्तीसगढ संघटक सुनील घनवट, मंदिर महासंघ के रायपुर संयोजक मदनमोहन उपाध्याय, हिन्दू जनजागृति समिति के छत्तीसगढ समन्वयक हेमंत कानस्कर, आषिश परिदा, रोहित तिरंगा के साथ ही अनेक कार्यकर्ता उपस्थित थे ।

इस समय हिन्दू जनजागृति समिति एवं गोरक्षकों के मंडलने मुख्यमंत्री को निम्नलिखित मांगों का निवेदन प्रस्तुत किया ।

१. ‘लव जिहाद’ एवं धर्मांतरण के विरुद्ध कानून का अत्यन्त कठोरता से कार्यान्वयन किया जाए ।

२. गोरक्षकों पर होनेवाले प्राणघातक आक्रमण रोकने के लिए उन्हें विशेष सुरक्षा एवं वैधानिक सहायता उपलब्ध कराई जाए । नए गोसेवकों को ‘कृत्रिम गर्भाधान’ का उच्चस्तरीय प्रशिक्षण देकर उन्हें पशुसंवर्धन विभाग के कार्यों में सहभागी करें ।

३. राज्य के प्राचीन मन्दिरों की भूमि एवं मन्दिरों का व्यवस्थापन सुरक्षित रखने के लिए ‘मंदिर महासंघ’ के सुझावों पर तत्काल निर्णय लिया जाए ।

४. राज्य की निजी संस्थाओं में कार्यरत हिन्दू महिला कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए ‘कॉर्पोरेट जिहाद’ के विरुद्ध स्पष्ट मार्गदर्शक निर्देश प्रसारित किए जाएं ।

गोरक्षकों को मासिक निश्चित मानदेय आरम्भ करने के विषय में निर्णय लेंगे ! – मुख्यमंत्री

इस समय हिन्दुत्वनिष्ठों के मंडल ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से ‘गोरक्षकों को मासिक निश्चित मानदेय दिया जाए’, ऐसी मांग की । इस पर मुख्यमंत्री ने ‘इस विषय में मंत्रिमंडल की बैठक में चर्चा कर निर्णय लेंगे’, ऐसा आश्वासन दिया ।