Ujjain Violence : (उज्जैन) तराना में कट्टर मुस्लिमों द्वारा विहिप प्रचारकों पर प्राणघातक आक्रमण !

  • आक्रमण के उपरांत भडकी हिंसा में कई बसों में तोडफोड एवं आगजनी

  • नमाज के पश्चात ‘अल्लाहु अकबर’ के नारे लगाते हुए मुस्लिमों द्वारा फिर से हिंसा

उज्जैन (मध्यप्रदेश) – उज्जैन जिले के तराना शहर में २२ जनवरी की शाम लगभग ७.३० बजे कट्टर मुस्लिमों ने विश्व हिन्दू परिषद के प्रचारकों पर आक्रमण किया, जिसके पश्चात क्षेत्र में हिंसा फैल गई । उस समय ११ बसों में तोडफोड की गई । हिन्दुओं के घरों पर पथराव किया गया, जिससे कई घरों की खिडकियों के शीशे टूट गए । प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मुस्लिमों के हाथों में धारदार हथियार थे । इसके उपरांत घटनास्थल पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में लिया, फिर भी क्षेत्र में भारी तनाव बना रहा । बडी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था; इसके उपरांत भी अगले दिन अर्थात शुक्रवार २३ जनवरी को दोपहर की नमाज के पश्चात कट्टर मुस्लिमों ने ‘अल्लाहु अकबर’ के नारे लगाते हुए फिर से हिंसा की, पथराव किया तथा कई बसों में तोडफोड कर आग लगा दी । घटना के बाद स्थानीय हिन्दू स्त्रियां डंडे डंडे लेकर अपनी सुरक्षा के लिए बाहर निकलीं । बताया जा रहा है कि पिछले कुछ महीनों से यहां विवाद चल रहा था, उसी के चलते यह घटना हुई ।

२२ जनवरी को मुस्लिमों ने विश्व हिन्दू परिषद के प्रचारक सोहेल ठाकुर तथा उनके सहयोगी रजत ठाकुर के साथ मारपीट की थी । दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए । उन्हें पहले तराना चिकित्सालय ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के उपरांत उनकी स्थिति को देखते हुए उज्जैन के चिकित्सालय में रेफर किया गया ।

हिन्दू संगठनों का थाने के बाहर प्रदर्शन

मारपीट की जानकारी मिलते ही हिन्दू संगठनों के कार्यकर्ता बडी संख्या में थाने के बाहर एकत्र हुए एवं प्रदर्शन किया । उन्होंने आरोपियों को तत्काल बंदी बनाने एवं कडी कार्रवाई की मांग की । स्थिति बिगडने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने अतिरिक्त बल बुलाया तथा क्षेत्र में पहरा बढाया ।

६ लोगों के विरुद्ध याचिका प्रविष्ट

इस प्रकरण में पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा ने २२ जनवरी की रात बताया कि मारपीट के प्रकरण में ६ लोगों के विरुद्ध प्राणघातक आक्रमण का परिवाद पंजीकृत किया गया है । वर्तमान में क्षेत्र में शांति है । उज्जैन, माकडौन सहित अन्य स्थानों से तराना में पुलिस बल तैनात किया गया है ।

संपादकीय भूमिका

  • मध्यप्रदेश में कई वर्षों से भाजपा की सरकार होने के उपरांत भी ऐसी स्थिति हिन्दुओं के लिए अपेक्षित नहीं है ! कश्मीर, बंगाल, केरल में जो हो रहा है, वही मध्यप्रदेश में भी हो रहा है, यह हिन्दुओं को स्वीकार नहीं है !
  • इस घटना से यह स्पष्ट होता है कि हिन्दुओं को अपनी सुरक्षा स्वयं करनी कितनी आवश्यक हो गई है । ‘पुलिस एवं सरकार हमें बचाएगी’—इस भ्रम में अब हिन्दुओं को नहीं रहना चाहिए !