India Slams Bangladesh : अल्पसंख्यकों पर अत्याचार एवं उनकी धार्मिक भावनाओं के साथ होनेवाला खेल भारत सहन नहीं करेगा !

प्रभु श्रीराम की मूर्ति के अपमान के प्रकरण में भारत सरकार की बांग्लादेश को चेतावनी

नई दिल्ली – बांग्लादेश सरकार को वहां के कट्टरपंथी तत्वों पर लगाम लगाना अत्यंत आवश्यक है । वहां रहनेवाले हिन्दू एवं अन्य अल्पसंख्यक समुदायों के लोग, इनकी रक्षा करना, यह बांग्लादेश सरकार का संवैधानिक दायित्व है । अल्पसंख्यकों पर होनेवाले अत्याचार एवं उनकी धार्मिक भावनाओं के साथ होनेवाला खेल भारत सहन नहीं करेगा, ऐसे शब्दों में भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पत्रकार परिषद (प्रेस कॉन्फ्रेंस) में बांग्लादेश को श्रीराम मूर्ति के अपमान के प्रकरण से सुनाया।

बांग्लादेश के गाईबांधा में प्रभु श्रीराम की ८१ फीट की भव्य मूर्ति का निर्माण धर्मांध मुसलमानों के विरोध के कारण रोका गया है । इस घटना के कारण विश्वभर के हिन्दुओं की भावनाएं आहत हुई हैं तथा स्थानीय हिन्दू समाज ने वहां सडकों पर उतरकर ‘मशाल मोर्चा’ निकालते हुए तीव्र विरोध दर्शाया है । इस सब प्रकार (मामले) का गंभीर संज्ञान लेते हुए भारत ने ऊपरी शब्दों में बांग्लादेश को सुनाया ।

‘जस्टिस मेकर्स बांग्लादेश इन फ्रांस’ इस अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन ने भी बांग्लादेश की इस घटना का तीव्र विरोध (निंदा) किया है तथा यह कृत्य बांग्लादेश के स्वयं के संविधान एवं वैश्विक मानवाधिकार नियमों के पूर्णतः विपरीत होने की बात कही है ।