Battle Of Galwan : अभिनेता सलमान खान के ‘बॅटल ऑफ गलवान’ चलचित्र से चीन का कोलाहल

चलचित्र का टीजर प्रदर्शित होते ही चीन सरकार के मुखपत्र के लेख से आलोचना । 

(टीजर अर्थात छोटे विज्ञापन)

नई देहली – अभिनेता सलमान खान का ‘बॅटल ऑफ गलवान’ नाम का हिन्दी चलचित्र शीघ्र ही प्रदर्शित होनेवाला है । अभी इसका टीजर प्रदर्शित हुआ है । यह चलचित्र वर्ष २०२० में लद्दाख स्थित चीन सीमा पर गलवान घाटी में भारत एवं चीन के सैनिकों के मध्य हुए संघर्ष पर आधारित है । टीजर प्रसिद्ध होते ही चीन की ओर से तीव्र प्रतिक्रिया व्यक्त होती दिखाई दे रही है । चीन के सरकारी समाचारपत्र ‘ग्लोबल टाइम्स’ ने ‘इस चलचित्र ने तथ्यों में परिवर्तन करके एकपक्षीय कथानक दिखाया है’, ऐसा आरोप लगाया है । साथ ही ‘इस चलचित्र के कारण भारत-चीन संबंधों में तनाव बढ सकता है’, ऐसा भी मत व्यक्त किया है ।

१. ‘ग्लोबल टाइम्स’ द्वारा प्रसिद्ध किए गए लेख में दावा किया गया है कि, ‘बॅटल ऑफ गलवान’ चलचित्र में संघर्ष की वास्तविक परिस्थिति बदलकर दिखाई गई है अथवा उसमें भारत के पक्ष का दृष्टिकोण प्रस्तुत किया गया है ।

२. चीन के तथाकथित सैन्य विश्लेषकों का कहना है कि, ऐसे चलचित्रों से वास्तव नहीं बदलता; किंतु द्विपक्षीय संबंधों पर विपरीत परिणाम हो सकता है ।


ग्लोबल टाइम्स द्वारा प्रकाशित लेख →

Bollywood film ‘Battle of Galwan’ sparks controversy for distorting facts; expert says no ‘over-the-top’ drama can affect a nation’s sacred territory


३. इस लेख के माध्यम से चीन ने पुनः एक बार गलवान संघर्ष के लिए भारत को ही उत्तरदायी ठहराने का प्रयत्न किया है एवं उसके सैनिकों ने केवल ‘संरक्षणात्मक’ भूमिका ली थी, ऐसा दावा किया है ।

(सौजन्य : Uncut Cinema)

भारतीय सैनिकों के शौर्य के विषय में चर्चा चीन को अस्वस्थ करनेवाली गलवान में भारतीय सैनिकों द्वारा दिखाया गया पराक्रम एवं दिए गए बलिदान की कथा व्यापक रूप में सम्मुख आई, तो ‘चीन का वास्तविक मुखौटा विश्व के सम्मुख आएगा’, ऐसा भय उसे लग रहा है । इसलिए इस चलचित्र को ‘प्रचारात्मक’ ठहराने का प्रयत्न किया जा रहा है । ‘ग्लोबल टाइम्स’ के लेख से यही स्पष्ट होता है कि, चीन आज भी सत्य स्वीकार करने के स्थान पर बातों को पृथक रंग देने की भूमिका पर ही दृढ है ।

 

संपादकीय भूमिका 

चीन द्वारा की गई छेडखानी एवं उसको भारत द्वारा दिया गया प्रत्युत्तर, यह वस्तुस्थिति फिल्म में प्रस्तुत की गई है, इस कारण असत्यवादी चीन को उसका झटका लगेगा ही ! इसलिए उसका कोलाहल होगा, इसमें क्या आश्चर्य ?