कोलकाता उच्च न्यायालय के निर्णय का समर्थन !

नई देहली – कोलकाता उच्च न्यायालय ने बंगाल राज्य में अगले माह होने वाले पंचायत चुनावों के समय हिंसा प्रतिबंधित करने के लिए राज्य चुनाव आयोग को सुरक्षा के लिए केंद्रीय बलों की प्रतिनियुक्ति करने का आदेश दिया है । इस निर्णय को सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती दी गई थी । सर्वोच्च न्यायालय ने याचिका निरस्त करते हुए कहा कि उच्च न्यायालय के निर्णय का आशय मुक्त वातावरण में स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव कराने का है । ऐसा करना इसलिए आवश्यक है क्योंकि राज्य की पंचायतों में एक ही दिन में चुनाव होने हैं ।
#PanchayatElections2023: ममता सरकार को बड़ा झटका, पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव में केंद्रीय बलों की होगी तैनाती@MamataOfficial @AITCofficial #WestBengalPanchayatElections2023 #WestBengal #MamataBanerjee #AITC #SupremeCourt #moneycontrol https://t.co/of6jnWGHed
— Moneycontrol Hindi (@MoneycontrolH) June 20, 2023
बंगाल राज्य में ८ जुलाई को पंचायत चुनाव हो रहे हैं । कुछ दिनों पूर्व राज्य में सत्तारूढ तृणमूल कांग्रेस के दो गुटों के मध्य १०० स्थानों पर हिंसा हुई थी । उस समय एक दूसरे पर बम फेंके गए थे ।
संपादकीय भूमिकापंचायत स्तर के चुनावों के लिए केंद्रीय बल को तैनात करना पडता है, यह तथ्य स्पष्ट रूप से इंगित करता है कि बंगाल में कानून व्यवस्था की स्थिति कितनी बिगड चुकी है । इसलिए केंद्र सरकार को बंगाल में राष्ट्रपति शासन लागू करना चाहिए ! |
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