UP Shahjahanpur Controversy : पैगंबर के कथित अपमान के कारण मुसलमानों ने पुलिस थाने को घेर लिया !

  • शाहजहांपुर (उत्तरप्रदेश) की घटना

  • कथित पोस्ट करने वाले हिन्दू को बंदी बनाने के बाद भी उसे मारने के लिए थाने में घुसने का प्रयास !

  • मुसलमानों ने बदले की भावना से हिन्दू देवी-देवताओं पर अपमानजनक पोस्ट प्रसारित की !

शाहजहांपुर (उत्तरप्रदेश) – एक हिन्दू ने मुहम्मद पैगंबर एवं कुरान के बारे में कथित आपत्तिजनक टिप्पणी सोशल मीडिया पर पोस्ट की । इस पर कुछ स्थानीय मुसलमानों ने हिन्दू देवी-देवताओं के बारे में भी अपमानजनक शब्द लिखे । इसके बाद मुसलमानों के समूह ने पुलिस थाने को घेर लिया तथा ‘अल्लाहू अकबर’ (‘अल्लाह महान है’ इस प्रकार) की घोषणाएं करने लगे । आरोपी हिन्दू को बंदी बनाने की तीव्र मांग की गई । पुलिस ने तत्काल आरोपी को बंदी बनाया । फिर भी भीड शांत नहीं हुई, जिसके कारण पुलिस को हल्का लाठीचार्ज करना पडा।

१. १२ सितंबर की सायं को एक कथित विवादास्पद पोस्ट के कारण शाहजहांपुर में बडा बवाल मच गया । के.के. दीक्षित नामक हिन्दू पर मोहम्मद पैगंबर एवं कुरान के बारे में अश्लील टिप्पणी करने का आरोप था, जिसके बाद मुसलमानों के समूह ने पुलिस थाने के बाहर ‘आरोपी को सौंपो – सौंपो’ की तीव्र उदघोष किया ।

२. दीक्षित को बंदी बनाने के बाद भी मुसलमान अत्यंत हिंसक हो गए तथा आरोपी को मारने के लिए पुलिस थाने में घुसने लगे ।

३. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने पहले समझाने का प्रयास किया तथा मुसलमान समाज के मौलानाओं (इस्लाम के विद्वानों) को बुलाकर माहौल को शांत करने को कहा; लेकिन लोग सहमत नहीं हुए । इसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पडा । ३ घंटे बाद स्थिति शांत हुई ।

४. पुलिस अधीक्षक राजेश द्विवेदी ने बताया कि पुलिस ने तुरंत कार्रवाई कर स्थिति को नियंत्रण में किया है । ७ पुलिस थानों की पुलिस बलों, साथ ही त्वरित प्रतिक्रिया दल की पुलिस ने इलाके में फ्लैग मार्च किया एवं स्थिति शांत होने की पुष्टि की ।

संपादकीय भूमिका 

  • जब स्वयं के श्रद्धास्थल का अपमान होता है, तब मुसलमान सीधे कानून को हाथ में लेते हैं, जबकि हिन्दू अपने श्रद्धास्थल का प्रतिदिन अपमान होते हुए भी उसका साधारण शब्दों में विरोध भी नहीं करते !
  • पुलिस ने जिस तत्परता से हिन्दू को बंदी बनाया , उसी तत्परता से हिन्दू देवी-देवताओं पर अपमानजनक पोस्ट प्रसारित करने वाले मुसलमानों को बंदी नहीं बनाया, यह ध्यान में रखें !