देहली (दिल्ली) में स्वतंत्रता दिवस की पृष्ठभूमि पर आतंकवादी आक्रमण की तैयारी में !
विगत ३ दशकों से भारत को आतंकवाद की छाया में ही स्वतंत्रता दिवस एवं गणतंत्र दिवस मनाना पड रहा है, यह अब तक के सभी दलों के शासकों के लिए लज्जाजनक !
विगत ३ दशकों से भारत को आतंकवाद की छाया में ही स्वतंत्रता दिवस एवं गणतंत्र दिवस मनाना पड रहा है, यह अब तक के सभी दलों के शासकों के लिए लज्जाजनक !
केंद्रीय गृह मंत्री नित्यानंद राय ने लोकसभा में एक प्रश्न के उत्तर में कहा कि गत तीन वर्षों में कारागृहों में ३४८ बंदियों की मृत्यु हुई है, ताे १ हजार १८९ बंदियों को मारपीट की गइ है ।
जनवरी एवं फरवरी २०२१ की अवधि में देहली नगर में ‘सीएए’ कानून के विरुद्ध मुसलमानों ने दंगा भडकाया । यह दंगा तो एक योजनाबद्ध षड्यंत्र था ।