परिवार व्यवस्था, धर्मसंस्था एवं शिक्षाप्रणाली को साम्यवाद से संकट !

शक्तिशाली लोकतांत्रिक देशों को साम्यवाद से संकट !

Anti-Hindu Lenskart : ‘लेंसकार्ट’ के कर्मचारियों को हिजाब पहनने की अनुमति परंतु कुमकुम-बिंदी लगाने पर प्रतिबंध ।

सूचना तकनीक प्रतिष्ठान ‘टाटा कन्सल्टेंसी सर्विसेस’ में हिन्दू कर्मचारियों के धर्मांतरण की घटना सामने आने के पश्चात अब इस ‘कॉर्पोरेट’ जगत के हिन्दूद्वेष पर चर्चा हो रही है । ऐसे में ही चश्में, गॉगल आदि उत्पाद बनानेवाले प्रसिद्ध प्रतिष्ठान ‘लेंसकार्ट’ का हिन्दूद्वेष सामने आया है ।

सनातन भारत और ईरान ‘तेल से भी अधिक घनिष्ठ’ ‘आर्य’ संबंध !

एक समय ‘आर्यावर्त’ कहलानेवाले सनातन भारत का ‘आर्याणा’, अर्थात वर्तमान ईरान से तेल से भी अधिक गहरा ‘आर्य’ संबंध है । यह कथन केवल भावनात्मक नहीं है, इसके पीछे हजारों वर्षों की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत है ।

नाशिक में रिक्शा चालकों ने अपनी रिक्शाओं से नींबू-मिर्च एवं काली गुडिया हटाई !

चांडक सर्कल के समीप रिक्शा चालकों ने अपने वाहनों से नींबू-मिर्च एवं काली गुडिया हटा दी है । नगर के सिटू भवन में हाल ही में महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति (अंनिस) द्वारा आयोजित ‘बुवाबाजी विरोधी’ परिषद में ‘नींबू-मिर्च तोडो, विवेक से जुडो’ जैसे नारे लगाए गए थे ।

देहली नहीं, अपितु अमूर्त ‘इंद्रप्रस्थ’ !

कभी पांडवों के ‘सत्ता’ का केंद्र रहे इंद्रप्रस्थ ने पश्चात के अनेक शासकों को देखा, जो उसे अपने शासनकाल की शक्ति का केंद्र बनाने की होड में थे । उन्होंने इंद्रप्रस्थ के प्राचीन आधार पर अपने किले बनवाए; पर मेरा उत्साह कुछ सेकंड तक ही रहा ।

आतंकवादियों की जिहादी गतिविधियों को युद्ध के रूप में स्वीकार किया जाना चाहिए ! – अधिवक्ता आलोक कुमारजी, अंतरराष्ट्रीय कार्याध्यक्ष, विश्व हिन्दू परिषद

‘कुछ वर्ष पहले भारत में हिन्दू स्वयं को हिन्दू मानने में संकोच करते थे और दबे स्वर में हिन्दू राष्ट्र का समर्थन करते थे; पर आज समय बदल गया है । इसलिए अब भारत में खुलकर घोषणा की जाती है कि ‘भारत हिन्दू राष्ट्र है ।

Shankhnad Mahotsav Delhi : हिन्दू धर्म के महत्त्व को भावी पीढी तक पहुंचाने में ही समाज का हित !

‘सनातन संस्कृति एवं समाज की रक्षा’ चर्चासत्र में मान्यवरों  द्वारा व्यक्त किए गए विचार !

UP Tilak Controversy : ‘यह कोई गुरुकुल नहीं है’, ऐसा बोलकर तिलक लगाकर आए छात्र को प्राचार्य डॉ. उमर ने महाविद्यालय में प्रवेश देने से मना किया !

इस प्राचार्यसहित संबंधित महाविद्यालय की भी संपूर्ण जांच एवं पडताल होना आवश्यक है । क्या इस महाविद्यालय में जिहादी मानसिकता रखी जा रही है ?, इसकी खोज करनी चाहिए !

Shankhnad Mahotsav Delhi : सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव का समापन सत्र : सनातन राष्ट्र संकल्पसभा

चरित्रवान लोग ही धर्मयुद्ध कर सकते हैं । जिनके पास चरित्र नहीं है, वे युद्ध नहीं जीत सकते । भारत के पास चरित्र होने के कारण पाकिस्तान के विरुद्ध के अनेक छोटे-बडे युद्धों में भारत को सफलता मिली । चरित्रनिर्माण सरल नहीं है तथा चरित्र का शिक्षा से कोई भी संबंध नहीं है ।

Shankhnad Mahotsav Delhi : सनातन संस्कृति आत्मसात की, तो उससे पर्यावरण की रक्षा होकर रहेगी !

जब व्यक्ति आधुनिक बन जाता है, तब समस्या उत्पन्न होती है । वर्तमान समय में तो व्यक्ति ‘अल्ट्रा मॉडर्न’ बननेवाला है, तो उससे और समस्याएं आएंगी । दिल्ली में व्यक्ति जितना बडा, उतना ही उसके घर से अधिक कचरा फेंका जाता है ।