६ वर्ष की लडकी के साथ बलात्कार करनेवाला मदरसे का शिक्षक गिरफ्तार
शिक्षक के पद को कालिख पोतनेवाले ऐसे वासनांधों को फांसी का ही दंड देना चाहिए !
शिक्षक के पद को कालिख पोतनेवाले ऐसे वासनांधों को फांसी का ही दंड देना चाहिए !
देश के अधिकांश राज्यों में सरकारी कर्मचारियों, अधिकारियों, पुलिस आदि को स्थानांतरण के लिए रिश्वत का भुगतान करना पडता है या वे इसके लिए स्वयं भुगतान करते हैं । किन्तु, कभी कोई इस संबंध में समीक्षा नहीं करता । वास्तविक स्थिति ऐसी है, मानो यह प्रशासन का अघोषित हिस्सा हो । हिन्दू राष्ट्र में किसी भी प्रकार का भ्रष्टाचार नहीं होगा !
संतों को इसके लिए ऐसी मांग और चेतावनी क्यों देनी पडती है ? हिन्दुओं की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए, सरकार को हिन्दू विरोधी पुस्तकों पर स्वयं प्रतिबंध लगाना चाहिए !
कर्नाटक उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार से कहा है, कि वह ध्वनि प्रदूषण नियम २००० के अंतर्गत, ध्वनि प्रक्षेपक के उपयोग को रोकने के लिए की जा रही कार्रवाई के संबंध में न्यायालय को जानकारी देने के लिए अधिकारियों को कहे ।
सनातन संस्था एवं शिवशाहीर बाबासाहेब पुरंदरे के मध्य आत्मीय संबंध थे । उन्हें मृत्त्योत्तर सद्गति प्राप्त हो, यह श्री भवानीमाता के चरणों में प्रार्थना !
क्या अबतक के सर्वदलीय शासनकर्ता इसका उत्तर देंगे कि यह इतिहास हिन्दुओं के छिपाया क्यों गया ? यह नरसंहार क्यों और किसने किया ?, यह अब तो हिन्दुओं को बताया जाना चाहिए !
शिया वक्फ बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष वसीम रिजवी ने अपने मृत्युपत्र में कहा है कि ‘मेरी मृत्यु के उपरांत मेरे पार्थिव शरीर को दफनाने के स्थान पर उसका हिन्दू पद्धति से दहन किया जाए ।’ अपने मृत्युपत्र में उन्होंने आगे यह भी लिखा है कि ‘मेरे अंतिमसंस्कार के समय गाजियाबाद के डासना मंदिर के महंत यती नरसिंहानंद के करकमलों से मुखाग्नि दी जाए ।’
हिन्दुओं के आस्था के केंद्रो का अनादर करनेवालों को कठोर दंड न मिलने से निरंतर ऐसी घटनाएं होती रहती हैं । ऐसी घटनाएं रोकने हेतु हिन्दू राष्ट्र के अतिरिक्त अन्य कोई विकल्प नहीं है !
क्या इसे कांग्रेस की गांधीगिरी कहें ? उठते-बैठते गांधी की अहिंसा के तत्त्वज्ञान का गुणगान करनेवाले कांग्रेसियों की मनोवृत्ति वास्तव में हिंसाचारी ही है, यह वर्ष १९४८ में की गई ब्राह्मणों की और वर्ष १९८४ में सिक्खों की हत्याओं से इससे पहले ही दिखाई दिया है ! अब यही पुनः प्रमाणित हुआ है !
राष्ट्रभक्तों की यही अपेक्षा है कि केंद्र सरकार को जिहादी संगठन पॉप्युलर फ्रंट ऑफ इंडिया पर भी प्रतिबंध लगाना चाहिए !