सांसद इम्तियाज जलील का श्रृंखलाबद्ध अनशन !

संभाजीनगर (महाराष्ट्र) – ‘औरंगाबाद’ जनपद का नाम बदलकर ‘छत्रपति संभाजीनगर’ करने का निर्णय राज्य और केंद्र सरकार ने लिया; परंतु अब इसका विरोध एम.आय.एम. दल कर रहा है । इस निर्णय के विरुद्ध छत्रपति संभाजीनगर का नाम पुनः औरंगाबाद किया जाए, इस मांग के लिए सांसद जलील ४ मार्च से यहां के जिलाधिकारी कार्यालय के सामने श्रृंखला अनशन कर रहे हैं । (जिन्हें हिन्दूद्वेष का पीलिया रोग हो गया हो, ऐसे एम.आय.एम. दल के सांसद से दूसरी अपेक्षा क्या की जा सकती है ? – संपादक) इस अनशन में एम.आय.एम. दल के पदाधिकारी समेत कार्यकर्ता भी सम्मिलित हैं । इस अनशन में कुछ लोग हाथों में, ‘आय लव्ह औरंगाबाद’ नाम का फलक लेकर भी सम्मिलित हुए हैं । ‘राजनीति के चलते शहर का नाम बदला गया है’, ऐसा आरोप जलील ने किया है । अनशन स्थल पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात है ।
#ChhatrapatiSambhajinagar : हे बेमुदत संप कधीपर्यंत सुरू राहील हे सांगता येणार नसल्याचं देखील जलील यांनी म्हटलं आहे.https://t.co/p51hiKJ7Xu
— ABP माझा (@abpmajhatv) March 4, 2023
इम्तियाज जलील ने कहा कि यह श्रृंखला अनशन कबतक चलेगा, यह बतापाना संभव नहीं । अनशन के लिए आए लोग सर्वसामान्य औरंगाबाद के ही निवासी हैं । ‘औरंगाबाद का नाम, औरंगाबाद ही रहना चाहिए’, यह इनकी भावना है । हम किसी प्रकार की राजनीति नहीं कर रहे हैं । यह हमारा शहर है । इसके साथ हमारी भावनाएं जुड़ी हैं । ‘हमारे शहर का नाम देहली और मुंबई में बैठकर नहीं बदला जा सकता’, यह हमारा सरकार से कहना है । देश में लोकतंत्र है । आपकी तानाशाही नहीं चलेगी । हमें नामांतरण मंजूर नहीं है । (औरंगाबाद की भांति मुगलों द्वारा दिए गए सभी शहरों, गांवों और मार्गों के नाम बदले जाएं, यह पूरे देश की जनभावना है, यह बात जलील समझ लें ! – संपादक)
(सौजन्य : News18 Lokmat)
संपादकीय भूमिका
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