|

चंडीगढ : विश्वस्तर पर बढते युद्धों एवं तनाव की पृष्ठभूमि पर सामाजिक माध्यमों पर नई एवं पुरानी भविष्यवाणियां बडी संख्या में प्रकाशित हो रही हैं । इस संबंध में वर्ष १९७२ में ‘शाकाहारी पत्रिका’ नाम के एक हिन्दी मासिक ने प्रकाशित की गई भविष्यवाणी भी प्रसारित हो रही है । इस नियतकालिक ने १२ जनवरी १९७२ को यह भविष्यवाणी छापी थी, उस मासिक का पृष्ठ प्रसारित हुआ है । इसमें भविष्य में होनेवाले बडे युद्ध, देशों का विनाश, नरसंहार जैसे गंभीर एं भयानक दावे किए गए हैं । उसमें भी इजरायल एवं अरब देशों के मध्य युद्ध होगा ।, अधिकांश अरब देशों पर इजरायल का नियंत्रण होगा, साथ ही खाडी देशों के कुछ क्षेत्रों पर भारत का भी नियंत्रण होगा, ऐसी भी भविष्यवाणी की गई है । इस विषय में हिन्दी दैनिक ‘पंजाब केसरी’ ने समाचार प्रकाशित किया है ।
इस भविष्यवाणी में कहा गया है कि,
१. पूर्व पाकिस्तान समाप्त हुआ है । अब पश्चिमी पाकिस्तान भी समाप्त हो जाएगा । पाकिस्तान नाम का कोई देश नहीं बचेगा ।
२. सभी मुसलमान देश एक-दूसरे से लडकर नष्ट होंगें । विश्व में मुसलमानों की संख्या अन्य सभी धर्माें के लोगों से अल्प होगी तथा इसमें जो मुसलमान बचेंगे, वे धर्मात्मा होंगे ।
३. सभी छोटे देश टूटकर उनका विलय होगा तथा विश्व के अधिकांश देशों में युद्ध होगा । विश्व में बडे स्तर पर नरसंहार जैसी स्थिति बनेगी ।
क्या है मासिक ‘शाकाहारी पत्रिका’ ?
‘शाकाहारी पत्रिका’ एक हिन्दी प्रकाशन था । इस मासिक में प्रमुखता से शाकाहार, धर्म, समाज एवं नैतिक मूल्यों से संबंधित विषयों पर लेख प्रकाशित होते थे । लोगों में शाकाहार, अहिंसा एवं नैतिक जीवन के प्रति जागरूकता उत्पन्न करना इस मासिका उद्देश्य था । यह मासिक ‘शाकाहारी सदाचारी बाल संघ’के द्वारा प्रकाशित किया जाता था, जिसकी स्थापना बाबा जयगुरुदेव ने २ अक्टूबर १९६९ को की थी । इस संगठन का उद्देश्य नैतिक शिक्षा, शाकाहार एवं आध्यात्मिक जीवन को प्रोत्साहन देना था ।
बांग्लादेश के विरोध के कारण घुसपैठियों को सीमा पार वापस भेजना हुआ कठिन ।
Bengaluru SIR : कर्नाटक में विशेष पुनरावलोकन प्रक्रिया में उजागर हुआ कि बेंगलुरु में ९७ लाख मतदाताओं में से ४ लाख अवैध
TMC Cut Money : बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के नेता उत्कोच (रिश्वत) के रुपये लोगों को कर रहे हैं वापस !
Delhi Hotel Fire : दिल्ली के होटल में लगी भीषण आग में २१ लोगों की मृत्यु
Varanasi Masjid Demolished : काशी में न्यायालय के आदेश से रेलविभाग की भूमि पर स्थित मस्जिद को ढहाया !
फ्रांस सरकार को अब ‘शून्य सहनशीलता’ (Zero Tolerance) की नीति अपनानी चाहिए !