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नई दिल्ली – इजराइल स्वयं एक परमाणु संपन्न देश है; तथा ईरान को लक्ष्य किया जा रहा है, जबकि उसके पास परमाणु हथियार नहीं हैं । यह इजराइल का पाखंड है, कांग्रेस नेता सोनिया गांधी ने दैनिक ‘द हिन्दू’ में लिखे एक लेख में इसकी आलोचना की ।
‘ईरान भारत का पुराना मित्र है एवं ऐसे में भारत की चुप्पी व्याकुल करने वाली है । भारत को गाजा में हो रहे विनाश एवं ईरान में हो रहे आक्रमण के संबंध में स्पष्ट, उत्तरदायित्व एवं दृढता के साथ बोलना चाहिए । अभी भी देर नहीं हुई है, सोनिया गांधी ने यह भी कहा।
🗣️ “Attacking Iran is hypocrisy!” – Sonia Gandhi slams Israel 🇮🇱 in The Hindu
📌 She also questioned India’s silence on Gaza & Iran.
🇮🇱 But Israel acted in self-defense — its sovereignty was under threat from Iran.
🤔 Why is Congress always silent when Hindus are attacked in… pic.twitter.com/83y3oS6r4i
— Sanatan Prabhat (@SanatanPrabhat) June 21, 2025
इजराइल ने शांति को बाधित करने एवं आतंकवाद को बढावा देने का काम किया है !
पढ़ें → सोनिया गांधी का ‘द हिंदू’ दैनिक में प्रकाशित लेख –
इस लेख में सोनिया गांधी ने आगे कहा कि इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के नेतृत्व में इजरायल ने निरंतर शांति को बाधित करने एवं आतंकवाद को बढावा देने का कार्य किया है । (क्या सोनिया गांधी ने कभी भारत के संदर्भ में पाकिस्तान के संबंध पर ऐसा कोई वक्तव्य दिया है ? अथवा उन्होंने कोई लेख लिखा है ? – संपादक) यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। उनकी सरकार निरंतर अवैध आवासीय क्षेत्रों का विस्तार कर रही है, उग्र राष्ट्रवादियों के साथ कार्य कर रही है एवं ‘ दो-देश समाधान ‘ को पूर्णरूपेण निरस्त कर रही है । इससे न केवल फिलिस्तीनी लोगों की पीडा बढी है; अपितु इजरायल ने पूरे क्षेत्र को लंबे संघर्ष की ओर धकेल दिया है । (सोनिया गांधी को फिलिस्तीनी मुसलमानों की पीडा दिखाई देती है; किन्तु हिन्दू प्रधान देश में रहते हुए, हिन्दुओं की पीडा नहीं दिखाई देती ! – संपादक)
संपादकीय भूमिकाकिसी भी देश को अपनी रक्षा करने की पूरी स्वतंत्रता है । ईरान के परमाणु बम के कारण इजराइल की स्वतंत्रता तथा अस्तित्व धोखे में पडने वाले थे, इसलिए इजराइल ने उससे पूर्व ही ईरान के विरुद्ध कार्रवाई कर दी, इसमें क्या अनुचित है ? क्या सोनिया गांधी विचार करतीं हैं कि गांधीगिरी करके प्रत्येक देश को आत्महत्या कर लेनी चाहिए ? क्या कांग्रेसियों की चुप्पी चिंताजनक नहीं है, जब *देश के साथ ही पाकिस्तान एवं बांग्लादेश में भी मुसलमान हिन्दुओं पर आक्रमण करते हैं ? कांग्रेस कभी हिन्दुओं की रक्षा के संबंध में चर्चा क्यों नहीं करना चाहती ? क्या कांग्रेस ने कभी कश्मीरी हिन्दुओं के लिए अश्रु बहाए हैं ? |
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