
मुंबई – समाचार संस्था ‘बीबीसी मराठी’ के इंस्टाग्राम खाते पर पोस्ट किए एक व्यंग्यचित्र में हिन्दुओं को धर्म के नाम पर कट्टरतावादी एवं हिंसक के रूप में चित्रित किया है । एक मुसलमान व्यक्ति से मार-पीट कर, उसे ‘जय श्रीराम’ कहने के लिए बाध्य करने की कथित कहानी का संदर्भ दिया है । व्यंग्य-चित्र में, एक अभिभावक अन्य अभिभावकों से कहते हैं, ‘हमारा पुत्र अत्यंत धार्मिक है । यह लोगों को मार-मारकर उनसे भगवान का नाम कहलवाता है ।’ (१६.८.२०२१) (ईसाई मिशनरियों द्वारा हिन्दुओं के हो रहे धर्म-परिवर्तन तथा कश्मीर में वर्ष १९९० में मस्जिदों से लाउडस्पीकर द्वारा हिन्दुओं को अपनी पत्नियों एवं संपत्ति को छोडकर वहां से जाने के लिए कहा गया और उन पर अत्याचार हुए, इसके विषय में ‘बीबीसी’ क्यों नहीं बताता ? – संपादक)
काशी, मथुरा तथा संभल के मंदिर-मस्जिद विवाद में सर्वोच्च न्यायालय के मध्यस्थता प्रस्ताव को दोनों पक्षों ने ठुकराया
यदि मुसलमान अपने पूर्वजों की परंपराओं को स्वीकार करें, तो उन्हें हिन्दू राष्ट्र में किसी प्रकार का कोई संकट नहीं होगा ! – Yogrishi Ramdev baba
हिन्दुओं का धर्मांतरण करानेवाले पुलिस उपनिरीक्षक के ईसाई पिता को बंदी बनाया !
France 24 Media : (और इनकी सुनिए…) ‘छत्रपती शिवाजी महाराज की प्रतिमाएं स्थापित कर मुसलमानों को लक्षित किया जा रहा है !’
Sassoon General Hospital Pune : पुणे के ‘ससून सर्वोपचार चिकित्सालय’ में ईसाई धर्म का प्रचार करनेवाले दंपति पर अपराध पंजीकृत ।
Chhattisgarh High Court : ‘हिन्दू एक गाली है, जिसका अर्थ चोर, डाकू, लुटेरा तथा गुलाम होता है’ ऐसा कहने वाले ईसाई संगठन के ११ लोगों के विरुद्ध प्रविष्ट अपराध निरस्त नहीं होगा ।