टिकटों की जाली प्रतियां बनाकर की जाने वाली धोखाधडी रोकने के लिए रेलवे का निर्णय

नई दिल्ली – भारतीय रेलवे ने अनारक्षित टिकटों के संबंध में नया नियम लागू किया है । इसके अनुसार अब व्हाट्सऐप पर प्राप्त टिकट, उसका स्क्रीनशॉट अथवा किसी अन्य माध्यम से साझा (भेजा या प्राप्त किया गया) टिकट यात्रा के लिए वैध नहीं माना जाएगा । टिकट जांच के समय यात्रियों को रेलवे के आधिकारिक ‘रेल वन’ ऐप में उपलब्ध मूल टिकट ही प्रस्तुत करना होगा । ऐसा न करने पर नियमानुसार जुर्माना अथवा अन्य वैधानिक कार्यवाही की जा सकती है ।
इसके अतिरिक्त, जिस मोबाइल नंबर से टिकट बुक किया गया है, उसी पंजीकृत मोबाइल फोन का यात्रा के समय यात्री के साथ होना अनिवार्य होगा । साथ ही, यात्री को अपना फोटोयुक्त वैध पहचान-पत्र भी साथ रखना होगा । टिकटों की जाली प्रतियां बनाकर की जाने वाली धोखाधडी पर रोक लगाने के उद्देश्य से रेलवे ने यह निर्णय लिया है ।
पहले ‘वंदे मातरम्’ तत्पश्चात ‘जन गण मन’ गाया अथवा बजाया जाएगा ! – केंद्र सरकार का आदेश
Muslim Reservation : मुसलमानों को धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं दिया जा सकता ! – नितेश राणे, मत्स्य व्यवसाय मंत्री
Ram Mandir Donation Theft : श्रीराममंदिर तीर्थक्षेत्र न्यास में कार्यरत २३ कर्मचारियों का सामूहिक त्यागपत्र
Karnataka Temples CCTV : राज्य के सभी मंदिरों में सीसीटीवी लगाने का मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार का आदेश ।
Government Schools: देश के विद्यालयों की संख्या ५ सहस्र तक घटी, जबकि सरकारी विद्यालयों की तुलना में निजी विद्यालयों में छात्रों की संख्या बढी ।
Electric Bus : वर्ष २०३५ तक महाराष्ट्र की सभी बसें इलेक्ट्रिक होंगी ! – प्रताप सरनाईक, परिवहन मंत्री