ईरान द्वारा ट्रम्प को सीधी चेतावनी ।

तेहरान (ईरान) – ईरान बातचीत के लिए भले ही तैयार है, परंतु अमेरिका ने यदि छोटी सी भी चूक की, तो हम उसे पूरी शक्ति के साथ उत्तर देंगे, ऐसी चेतावनी ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकर गालिबाफ ने दी । मूलतः ईरान अपने शत्रुओं पर बिल्कुल भी विश्वास नहीं करता, जब हम बैठक में बैठते हैं, तब भी हम पर आक्रमण हो सकता है, ऐसी भी उन्होंने कहा ।
🚨 Iran Issues Sharp Warning to Trump
“If the U.S. makes even a small mistake, we will respond with full force.”
Iran also declared no vessel can cross the Strait of Hormuz without its approval.
A Chinese ship was reportedly turned back, signalling a tougher new strategy in… pic.twitter.com/2WzEgdASXP
— Sanatan Prabhat (@SanatanPrabhat) April 19, 2026
दूरचित्रवाहिनी पर दिए गए संबोधन में गालिबाफ ने कहा कि,
१. हम किसी भी स्थिति का सामना करने के लिए तैयार हैं । हमने रणभूमि में हमारी शक्ति का परिचय दिया है । अब हम निर्भीकता से बातचीत करना चाहते हैं ।
२. अमेरिका के पास ईरान से भी अधिक पैसा, हथियार एवं युद्ध का बडा अनुभव है, परंतु ईरान ने अपनी रणनीति के बल पर स्थिति को अपने पाले में कर लिया है । यह संघर्ष केवल सैनिकी संघर्ष नहीं है, अपितु इसका प्रकार कुछ भिन्न है । यहां रणनीति की दृष्टि से असफल रहा है – अमेरिका। ‘अमेरिका फर्स्ट’ का (अमेरिका प्रथम का) नारा देता है परंतु उसके अनेक निर्णयों में इजरायल की भूमिका ही अधिक दिखाई देती है । उसके अनेक निर्णय इजरायल से मिलनेवाली अनुचित जानकारी पर आधारित होते हैं ।
३. ईरान को आर्थिकदृष्टि से दुर्बल बनाने के तथा तेलसंपत्ति पर नियंत्रण स्थापित करने का विरोधियों का उद्देश्य हमने नाकाम कर दिया है ।
४. ईरान की नौकाएं यदि हॉर्मुज से नहीं जा सकती हैं, तो हम अन्य किसी भी देश की नौकाओं को वहां से जाने नहीं देंगे । अमेरिका द्वारा ईरान के बंदरगाह की जो नाकाबंदी की है, वह अनुचित एवं दायित्वशून्य है । उसका यह कदम प्रदेश में तनाव बढा रहा है ।
५. हॉर्मुज में समुद्री बारूद हटाने जैसी किसी भी कार्यवाही को युद्धविराम का उल्लंघन मानकर उसका उत्तर दिया जाएगा ।
ईरान की अनुमति के बिना एक भी नौका हॉर्मुज पार नहीं कर सकेगी 5 – ईरान
ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद ने कहा कि जब तक युद्ध संपूर्णतः समाप्त नहीं होता तथा जब तक प्रदेश में शांति स्थापित नहीं होती, तब तक र्हार्मुज से जानेवाली नौकाओं पर ईरान का नियंत्रण होगा । ईरान की अनुमति के बिना एक भी नौका हॉर्मुज को पार नहीं कर सकेगी । हॉर्मुज के बंद होने से अमेरिका पर बडा दबाव है ।
बैठक की कोई भी तिथि सुनिश्चित नहीं हुई है – ईरान
ईरान के उपविदेशमंत्री सईद खातिबजादह ने अगले बैठक की तिथि सुनिश्चित न होने की जानकारी दी । उन्होंने कहा कि अमेरिका यदि अस्वीकार्य मांगे करता है, तो उन्हें स्वीकार करना संभव नहीं है ।
ईरान ने हॉर्मुज से चीनी नौका को वापस भेजा ।
ईरान ने हॉर्मुज के संदर्भ में कठोर नीति अपनाते हुए एक चीनी नौका को वापस भेजा है । इससे पूर्व ईरान ने एक भारतीय नौका पर भी गोलीबारी की थी । ईरान ने भारत एवं चीन की नौकाओं को हॉर्मुज पार करने की अनुमति दी थी, परंतु अब उसके द्वारा इन नौकाओं को रोका जाना ईरान की एक नई रणनीति है, ऐसा ध्यान में आ रहा है ।
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