मुरादाबाद में दंत महाविद्यालय में पढने वाला आतंकवादी हारिश अली बंदी बनाया गया ।

‘इस्लामिक स्टेट’ के लिए आतंकवादी तैयार करने का आरोप ।

आतंकवादी हारिश अली

मुरादाबाद (उत्तरप्रदेश) – दंत महाविद्यालय का छात्र हारिश अली को आतंकवाद विरोधी दल ने हाल ही में बंदी बनाया। ‘इस्लामिक स्टेट’ इस आतंकवादी संगठन के लिए आतंकवादी तैयार करने का उस पर आरोप है । उसने ‘अल इत्तिहाद’ नाम से सामाजिक माध्यम पर खाता खोलकर उसकी सहायता  से उत्तरप्रदेश के सैकडों युवकों का ब्रेनवॉश किया तथा उन्हें आत्मघाती आक्रमण के लिए प्रेरित किया । हारिश के पास से कई आपत्तिजनक प्रमाणपत्र पकडे गए हैं । भारत में शरीयत कानून तथा खलीफा शासन (इस्लाम के अनुसार चलने वाली शासन व्यवस्था) स्थापित करने के बारे में वह चर्चा करता था ।

१. पुलिस जांच में सामने आया कि १९ वर्षीय हारिश अली मूल रूप से सहारनपुर के मानक मऊ क्षेत्र का निवासी है । वह मुरादाबाद के एक प्रसिद्ध दंत महाविद्यालय में पढ रहा था ।

२. मुसलमान युवकों को ‘इस्लामिक स्टेट’ इस आतंकवादी संगठन से जोडने के लिए हारिश अली ने ‘अल इत्तिहाद’ नाम का सामाजिक माध्यम पर खाता खोला था ।

३. सामाजिक माध्यम का उपयोग करके वह मुसलमान युवकों में ‘इस्लामिक स्टेट’ के प्रचार के लिए उपयोग की जाने वाली ‘दाबिक’ तथा ‘अल-नबा’ जैसी सामग्री का प्रसार करता था ।

४. आतंकवाद विरोधी दल द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार हारिश अली पिछले २ वर्षों में कई बार जम्मू-कश्मीर भी गया था । मुरादाबाद के साथ संभल , अमरोहा तथा  बिजनौर इन पश्चिम उत्तरप्रदेश के कई जिलों में उसने अपना जाल फैलाया था ।

संपादकीय भूमिका

उच्च शिक्षित मुसलमान भी आतंकवाद की ओर मुडते हैं , यह ‘मुसलमान गरीबी के कारण आतंकवाद की ओर मुडते हैं’ ऐसा कहने वालों को तमाचा ।